नेताओं को सुरक्षा पर केंद्र का अहम फैसला
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देशभर में कई नेताओं की सुरक्षा हटाए जाने और कम किए जाने के बाद केंद्र सरकार को करीब 1300 कमांडो वापस मिल गए हैं। गृह मंत्रालय ने करीब 350 वीआईपी की सुरक्षा की समीक्षा की थी जिसके बाद ये फैसला लिया गया था।
अधिकारियों ने बताया कि 1300 से ज्यादा ये सुरक्षाकर्मी सीआरपीएफ, सीआईएसएफ, एनएसजी और दिल्ली पुलिस के हैं। वीआईपी की सुरक्षा की समीक्षा के बाद इन्हें हटा लिया गया है।
हालांकि करीब 3000 सुरक्षाकर्मी सेंट्र्ल आर्म्ड पुलिस फोर्स अभी भी वीआईपी सुरक्षा में ही तैनात रहेंगे।
कई नेताओं की घटी सुरक्षा
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने नेताओं को मिली सुरक्षा की समीक्षा की है। मंत्रालय ने कुछ नेताओं की सुरक्षा को वापस लेने का आदेश जारी किया है। इसके तहत अब आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव, बिहार के सारण से भाजपा सांसद राजीव प्रताप रूडी की सुरक्षा हटा ली गई। वहीं बिहार के जमुई से लोक जनशक्ति पार्टी के सांसद चिराग पासवान की सुरक्षा में लगे सीआरपीएफ जवानों को वापस बुला लिया गया है। चिराग की सुरक्षा श्रेणी में कटौती करते हुए अब उन्हें वाई श्रेणी की सुरक्षा दी गई है।
इसके अलावा बहुजन समाज पार्टी के राज्यसभा सांसद सतीश चंद्र मिश्र का नाम केंद्रीय सुरक्षा सूची से हटा दिया गया है। अब उन्हें सिर्फ यूपी में जेड श्रेणी की सुरक्षा दी जाएगी। पहले उन्हें दिल्ली पुलिस और यूपी में सीआरपीएफ की सुरक्षा प्राप्त थी। कई अन्य नेताओं की भी सुरक्षा का स्तर कम कर दिया गया है।
उत्तर प्रदेश के गन्ना राज्यमंत्री सुरेश राणा की सुरक्षा हटा दी है, वहीं सरधना विधायक संगीत सोम की सुरक्षा घटा दी गई है। सुरेशा राणा और संगीत सोम दोनों को ही मुजफ्फरनगर दंगे के बाद जेड श्रेणी की सुरक्षा दी गई थी।