शशिकला के साथ दिवंगत मुख्यमंत्री जयललिता (फाइल फोटो)
तमिलनाडु के आरके नगर उपचुनाव से एक दिन पहले दिवंगत मुख्यमंत्री जयललिता का वीडियो जारी होने से सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। जयललिता की पार्टी एआईएडीएमकेके विरोधी टीटीवी दिनाकरन धड़े ने इस वीडियो को जारी किया है जिसमें जयललिता अस्पताल में भर्ती हैं। वहीं वोट के लिए पैसे बांटने के आरोपों पर दिल्ली हाईकोर्ट ने उपचुनाव पर रोक लगाने से इनकार कर दिया।
टीवी चैनलों द्वारा दिखाए जा रहे 20 सेकेंड के इस वीडियो में नाइटड्रेस की पहनी हुईं जया कमजोर लग रही हैं और स्ट्रॉ की सहायता से जूस पी रही हैं। वहीं तमिलनाडु के मुख्य निर्वाचन अधिकारी राजेश लखोनी ने टीवी चैनलों को इस क्लिप को दिखाने से तुरंत रोकने का आदेश दिया है।
अपोलो अस्पताल ने इस वीडियो पर कोई त्वरित प्रतिक्रिया देने से इनकार कर दिया है। जबकि एआईएडीएमके ने इसे स्वर्गीय मुख्यमंत्री की प्रसिद्धि और छवि को बदनाम करने की साजिश बताया है। मत्स्य पालन मंत्री डी जयकुमार ने इसे शर्मनाक बताया है। उन्होंने कहा कि शशिकला के परिवार द्वारा अम्मा की छवि को बिगाड़ने और उनका अपमान करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने इसे चुनावी साजिश बताया है।
वहीं वोट के बदले पैसे की खबरों के बीच दिल्ली हाईकोर्ट ने बुधवार को उपचुनाव पर रोक लगाने के लिए चुनाव आयोग को कोई आदेश जारी करने से इनकार कर दिया। इसके साथ ही न्यायाधीश इंद्रमीत कौर ने उपचुनाव के मद्देनजर वोट के बदले नोट की शिकायतों की सीबीआई जांच से भी इनकार कर दिया।
टीटीवी दिनाकरन वी.के.शशिकला के भतीजे हैं। दिनाकरन समर्थक पी.वेत्रिवेल ने कहा कि हमने इस वीडियो को जारी करने से पहले कई दिनों तक इंतजार किया। जांच कमिटी ने अभी तक हमें पूछताछ के लिए समन नहीं किया है, अगर करेगी तो हम उन्हें सबूत देंगे।
गौरतलब है कि तमिलनाडु के आरके नगर सीट पर उपचुनाव के लिए 21 दिसंबर को मतदान होना है। आरके नगर दिवंगत जयललिता का चुनावी क्षेत्र है। यहां मतगणना 24 दिसंबर को होगी।
वीडियो के प्रसारण पर रोक
जयललिता
तमिलनाडु के पूर्व स्पीकर डी जयकुमार ने पी वेत्रिवेल द्वारा जारी वीडियो पर आपत्ति दर्ज की है। उन्होंने कहा है कि, आरके नगर उपचुनाव को प्रभावित करने के मकसद से वीडियो जारी किया गया है। इसे चुनाव से ठीक एक दिन पहले क्यों जारी किया गया, पहले क्यों नहीं जारी किया गया था। अब आदर्श आचार संहिता लागू है, इसलिए चुनाव आयोग ने पी वेत्रिवेल के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए।
Model Code of Conduct is instated now, therefore we expect Election Commission to take immediate action against P Vetrivel: D Jayakumar on video of Jayalalithaa released by P Vetrivel pic.twitter.com/eLWpCjwJYW
— ANI (@ANI) December 20, 2017
चुनाव आयोग ने इस वीडियो का संज्ञान लिया है। चुनाव आयोग ने एक विज्ञप्ति जारी कर सभी टीवी चैनल और अखबार को इस वीडियो के नहीं प्रसारित करने को कहा है। चुनाव आयोग ने कहा है कि इस वीडियो के प्रसारण से या इस चर्चा से आर.के. नगर उपचुनाव प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से प्रभावित हो सकता है।
You are requested to stop any further telecast of this video that may directly/indirectly have any impact in the forthcoming elections (#RKNagarBypoll) or any discussion relating thereto adhering to MCC: EC to TV Channels & Newspapers on video of Jayalalithaa at Apollo Hospital pic.twitter.com/TWFpKHBw4k
— ANI (@ANI) December 20, 2017
इससे पहले तमिलनाडु के मंत्री वेल्लामंडी नटराजन ने कहा था कि पिछले साल अस्पताल में जब जयललिता भर्ती थीं तो उन्हें उनसे नहीं मिलने दिया गया था। उन्होंने कहा कि जया के निधन की जांच के लिए गठित एक सदस्यीय आयोग के समक्ष वह पेश होने के तैयार हैं।
बकौल नटराजन, ‘मुझे अम्मा से नहीं मिलने दिया गया, जब वह अपोलो अस्पताल में थीं। हम सिर्फ अस्पताल की दूसरी मंजिल तक ही जा सके। इसके बाद किसी को भी उनके कमरे में जाने की अनुमति नहीं थी।’ पर्यटन मंत्री नटराजन ने यह भी कहा कि वह जांच आयोग के समक्ष गवाही देने को तैयार हैं।
बता दें कि 22 सितंबर को जयललिता के अस्पताल में भर्ती होने से 5 दिसंबर को अंतिम सांस लेने तक के मामले की जांच के लिए राज्य सरकार ने पिछले महीने मद्रास हाईकोर्ट के रिटायर जज जस्टिस ए. अरुमुगास्वामी की अध्यक्षता में एक सदस्यीय जांच आयोग गठित कर दी है।