देश में कोरोना टीकाकरण का एक करोड़ का आंकड़ा पार करने के बाद जहां अगले चरण की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं,वहीं देश के 30 करोड़ लोगों को जल्द से जल्द टीका लगाने के लिए विशेषज्ञों के गणितीय मॉडल भी सामने आने लगे हैं।
विशेषज्ञों के अनुसार सरकार सबसे पहले 30 करोड़ लोगों को कोरोना वैक्सीन देने का फैसला ले चुकी है। ऐसे में अब हर दिन 20 लाख से अधिक टीकाकरण के आधार पर ही उस साल अगस्त तक कोरोना टीकाकरण पूरी किया जा सकता है।
देश में 16 जनवरी से टीकाकरण चल रहा है। शनिवार शाम तक 1.08 करोड़ लोगों ने टीका लगवाया है। अब तक औसतन प्रतिदिन 3,01,064 लोगों ने कोरोना का वैक्सीन लगवाया है।
डब्ल्यूएचओ के सलाहकार रिजो एम जॉन का कहना है कि पिछले सात दिन में रोजाना औसतन 3.8 लाख लोगों को टीका लगा है। अभी तक की स्थिति देखें तो सरकारी से ज्यादा निजी स्वास्थ्य क्षेत्र में टीकाकरण तेजी से बढ़ रहा है।
अगर इसी साल टीकाकरण के सभी चरण पूरे करने हैं तो प्राइवेट सेक्टर को भी इस अभियान में जोड़ना होगा। प्रो. रिजो का कहना है कि अगस्त माह तक 30 करोड़ का लक्ष्य पूरा करने के लिए देश में हर दिन 20 लाख से अधिक लोगों को वैक्सीन की कम से कम एक खुराक देना जरूरी है।
आबादी के लिहाज से कम टीकाकरण
केरल के स्वास्थ्य डाटा विशेषज्ञ जेम्स विल्सन का कहना है कि आबादी के लिहाज से अगर राज्यवार टीकाकरण देखें तो स्थिति कुछ और ही दिखाई देती है। यूपी में अब तक 11.52 लाख से भी ज्यादा लोगों को टीका लग चुका है।लेकिन आबादी के लिहाज से यहां 10 लाख में से 4006 लोगों को ही टीका लगा है।
बिहार 4238, झारखंड 6333, पश्चिम बंगाल 5815, मध्यप्रदेश 7126, महाराष्ट्र 6412, पुडुचेरी 5291, तमिलनाडु 4009, पंजाब 3858, मेघालय 6533 और असम में 3912 लोगों को वैक्सीन लगा है। इस आधार पर तेजी लानी होगी।