- क्या टीकाकरण केंद्र के स्टाफ ने प्रक्रिया की जानकारी दी। यह बताया कि उन्हें कौनसा टीका लगाया जाएगा?
- क्या टीकाकरण के बाद प्रतिकूल प्रभावों को लेकर स्टाफ ने जानकारी दी?
- क्या टीका लगने के बाद उन्हें 30 मिनट केंद्र पर इंतजार करने को कहा गया?
- क्या टीकाकरण प्रक्रिया के दौरान शारीरिक दूरी रखी जा रही है?
एसएमएस का जवाब नहीं देने पर लगाया जा रहा फोन
यदि टीका लगवा चुका व्यक्ति एसएमएस का जवाब नहीं देता है तो उसे फोन काॅल किया जाता है। यदि यह काॅल भी नहीं उठाया जाता है तो चार घंटे बाद दूसरी बार फिर काॅल किया जाता है। सरकार ने स्प्ष्ट किया कि टीकाकरण के बाद उस पर प्रतिक्रिया जानने की इस प्रक्रिया में भाग लेना अनिवार्य नहीं है।
केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव भूषण ने बताया कि सरकार ने करीब 37 लाख प्रतिभागियों को एसएमएस भेजे थे। इनमें से 5 लाख ने जवाब दिए। पांच लाख लोगों में से 97.38 ने टीकाकरण को लेकर संतोष प्रकट किया।
बता दें, भारत में 16 जनवरी से टीकाकरण प्रक्रिया शुरू की गई है। पहले चरण में तीन करोड़ करोड़ लोगों को टीके लगाए जाएंगे। इनमें डाॅक्टर, स्वास्थ्य कर्मी, सफाईकर्मी व अन्य पहली पंक्ति के लोग शामिल हैं। विश्व में सबसे तेज गति से भारत में टीकाकरण हो रहा है। अब तक 44 लाख से ज्यादा लोगों को टीके लगाए जा चुके हैं।