पुलिस ने मंत्री के फर्जी दस्तावेज दिखाकर सरकारी गेस्ट हाउस में 12 दिन बिताने वाले एक व्यक्ति को उसके चार साथियों के साथ गिरफ्तार किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, आरोपी सुनील सिंह ने अपने आप को उत्तर प्रदेश का सहकारिता मंत्री बताया था।
इसी बीच मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत को आरोपी सुनील सिंह की गतिविधियां संदिग्ध लगी और उन्होंने पुलिस को इसकी सूचना दे दी। इसके बाद पुलिस की क्राइम ब्रांच ने फर्जी मंत्री बने सिंह को उसके चार साथियों समेत गेस्ट हाउस से गिरफ्तार कर लिया।
मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा, ‘उसने खुद के उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री होने का दावा करते हुए फर्जी चिट्ठियां और ईमेल पेश किए थे। पिछले सप्ताह मिनिस्ट्रियल ब्लॉक में फर्जी मंत्री ने गोवा के सहकारिता मंत्री गोविंद गावडे से भी मुलाकात की थी। इस बारे में गावडे ने कहा कि उसने मुझे बताया कि वह राज्य अतिथि और यूपी कैबिनेट में मंत्री है। मैं उससे ज्यादा देर तक नहीं मिला। वह मेरे साथ लगभग 10 मिनट ही रहा। मुझे भी उसका व्यवहार संदिग्ध लगा, इसलिए जब मैं घर गया तो इंटरनेट पर उसके बारे में ढूंढा लेकिन मुझे ज्यादा जानकारी नहीं मिली। व्यस्त होने के कारण मैं उसके बारे में अधिक जानकारी नहीं जुटा पाया।
आरोपी की सुरक्षा के लिए गोवा पुलिस ने तैनात किया था सुरक्षाकर्मी
अधिकारियों के मुताबिक, सुनील सिंह ने स्वयं को मंत्री बताकर परिचित कराया था। इसलिए गोवा पुलिस ने उसकी सुरक्षा के लिए एक सुरक्षाकर्मी भी तैनात किया था। उसने दक्षिणी गोवा के कानकोना तालुक के स्कूल के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत भी की। इस दौरान उसके साथ गोवा के पूर्व सहाकारिता प्रकाश वेलिप भी मौजूद थे। गोवा पुलिस अब आरोपी के बारे में और अधिक जानकारी जुटाने के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस से संपर्क साध रही है।