उत्तरप्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को राज्यभर के पत्रकारों के लिए राहत भरा फैसला लिया। अब पत्रकारों और उनके परिजनों को प्राथमिकता के आधार पर निशुल्क टीके लगाए जाएंगे। सीएम के फैसले का न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन (nba) ने स्वागत किया है।
इस वैक्सीनेशन कार्यक्रम के तहत प्रदेशभर में पत्रकारों के लिए अलग से वैक्सीनेशन सेंटर बनाए जाएंगे। वहीं, मीडिया दफ्तरों में भी उनके वैक्सीन लगवाने की व्यवस्था की जाएगी। सेंटरों पर पत्रकारों को वैक्सीन लगेगी ही साथ उनके परिजनों भी प्राथमिकता के आधार पर टीकाकरण होगा।
रजत शर्मा ने आभार मानते हुए यह कहा
योगी सरकार के फैसले का स्वागत करते हुए न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रजत शर्मा ने कहा, 'मैं यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ का आभार व्यक्त करता हूं, उन्होंने मीडियाकर्मियों और उनके परिवार वालों के लिए वैक्सीन उपलब्ध कराने का फैसला लिया। सबसे अच्छी बात ये है कि वैक्सीन मीडिया के कार्यालयों में ही दी जा सकेगी।'
पत्रकारों के टीकाकरण को लेकर कुछ दिनों पूर्व ही एनबीए के अध्यक्ष रजत शर्मा ने सीएम योगी को एक लिखा था। इस पत्र में उन्होंने सीएम योगी से मीडियाकर्मियों और उनके परिवार के सदस्यों को प्राथमिकता के आधार पर कोविड-19 टीके उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था।
इसलिए जरूरी है पत्रकारों का टीकाकरण
सीएम को लिखे पत्र में शर्मा ने कहा था कि, नोएडा राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के लिए एक बड़ा केंद्र बन गया है। अधिकांश टीवी पत्रकार और कैमरामैन यहां काम करते हैं और रहते हैं। कई मामलों में टीवी पत्रकारों और कैमरामैन को रिपोर्टिंग के दौरान भीड़ में भी जाकर काम करना होता हैं इसलिए उन्हें और उनके परिवार के सदस्यों को प्राथमिकता पर टीका लगाने की आवश्यकता हो।समाचार चैनलों के टीवी पत्रकार और कैमरापर्सन कोरोना की रिपोर्टिंग करने के साथ साथ बर्तार फ्रंटलाइन कोविड योद्धा के तौर पर कार्य करते हुए लोगों को जागरूक करने का काम भी कर रहे है।
एनबीए अध्यक्ष ने सीएम को लिखे पत्र में कहा था, सभी मीडिया संस्थाएं टीकाकरण का खर्चा उठाने और शिविर लगाने के लिए तैयार हैं। इसके अलावा सभी टीकाकरण और कोविड प्रोटोकाल को ध्यान में रखते हुए सभी तैयारी की जाएगी।
गौरतलब है कि, वैक्सीनेशन को लेकर प्रदेश के पत्रकार संगठन द्वारा पत्रकारों को शीघ्र वैक्सीन लगाने की मांग उठ रही थी। पत्रकारों का कहना था कि वे लोग फील्ड में दिन-रात तैनात हैं। उन्हें भी कोरोना वॉरियर का दर्जा दिया जाए और पूरा ख्याल रखा जाए। विभिन्न स्तरों पर उठती मांग को देखते हुए योगी सरकार ने इस मामले में संज्ञान लिया है।