बुलंदशहर हाईवे पर मां-बेटी से गैंगरेप की शर्मनाक घटना के बाद मेरठ पुलिस अलर्ट हो गई है। एसएसपी ने सोमवार सुबह मेरठ के हाईवे की सुरक्षा का खाका तैयार कर लिया। हाईवे पर रात में 15 जिप्सी और 25 फैंटम गश्त करेंगी।
हाइवे पर जगह जगह और होटलों-ढाबों पर पुलिस के साइन बोर्ड लगेंगे। जिस पर पुलिस अफसरों के अलावा एसएसपी आवास का नंबर भी दर्ज होगा। यह व्यवस्था मंगलवार से लागू होगी।
एसएसपी जे. रविंदर गौड़ ने बताया कि नेशनल हाईवे-58, मेरठ-बिजनौर, बिजली बंबा बाईपास, किठौर-हापुड़ व मेरठ-किला परीक्षितगढ़ मार्ग पर अक्सर वारदात होती हैं। बुलंदशहर नेशनल हाईवे पर गैंगरेप की घटना को देखते हुए मेरठ से जुड़े हाईवे मार्ग पर फोर्स बढ़ा दी गई है। हाईवे सुरक्षा प्लान के तहत रात में 15 जिप्सी और 25 फैंटम मोबाइल द्वारा लगातार गश्त करने की व्यवस्था को लागू किया जा रहा है।
एसएसपी के अनुसार मुख्यमंत्री ने भी उत्तर प्रदेश के सभी जनपदों में हाईवे पर रात में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की बात डीजीपी से कही है। हाईवे पर जहां पुलिस के साइन बोर्ड लगेंगे, उन पर संबंधित थाना क्षेत्र के प्रभारी और कप्तान के आवास का नंबर होगा। इसके अलावा सीओ और थानेदारों को निर्देश दिया कि हाईवे पर सभी होटल, ढाबों पर पुलिस के साइन बोर्ड पर सीयूजी नंबर होने चाहिए। ताकि पीड़ित तत्काल अपनी समस्या पुलिस को बता सके।
सीओ और थानेदार करेंगे मॉनीटरिंग
एसएसपी ने बताया कि हाईवे पर सुरक्षा के इंतजाम की समीक्षा रोजाना सीओ और संबंधित थानेदारों करेंगे। ड्यूटी से नदारद पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। एसपी सिटी और एसपी देहात भी सप्ताह में एक बार जाकर हाईवे पर सुरक्षा को खुद देखेंगे।
ऐसी घटना नहीं होनी चाहिए
बुलंदशहर गैंगरेप की घटना ने उत्तर प्रदेश को हिला दिया है। सोमवार शाम डीजीपी जावीद अहमद ने सभी जनपदों के कप्तानों को सख्त निर्देश दिए हैं कि हाईवे पर अगर घटना हुई तो अंजाम ठीक नहीं होगा। इस मामले में पुलिस की लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं होगी।