मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल के पहले आम बजट में महिला विकास और नारी सशक्तीकरण को लेकर सरकार ने एक दर्जन से ज्यादा घोषणाएं की हैं। महिला वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट भाषण शुरू करते हुए जैसे ही स्वामी विवेकानंद की पंक्ति ‘नारी तू नारायणी है’ को उद्धृत किया, संसद भवन तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
उन्होंने कहा स्वामी विवेकानंद ने स्वामी रामकृष्ण को लिखे एक पत्र में कहा था कि महिलाओं की स्थिति में सुधार के बिना विश्व का कल्याण नहीं हो सकता। 17 वीं लोकसभा के चुनाव में महिला मतदाताओं ने जिस तरह से बढ़चढ़ कर वोट किया उससे 78 महिलाएं संसद में पहुंच गईं। यह रिकॉर्ड है। वित्तमंत्री ने कहा कि मोदी सरकार का स्टार्टअप इंडिया, स्टैंडअप इंडिया और स्वयं सहायता समूह जैसी तमाम योजनाएं महिला उद्यमिता को बढ़ावा दे रही है।
मुद्रा योजना के तहत स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) की महिलाओं को एक लाख का आसान लोन मिल सकेगा। महिला एसएचजी इंट्रेस्ट सबवेंशन प्रोग्राम को हर जिले में लागू करने का प्रस्ताव किया गया है। जनधन खाताधारक हर महिला स्वयं सहायता समूह सदस्य को 5 हजार रुपये ओवर ड्राफ्ट की सुविधा मिलेगी।