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Maharashtra: बच्चों के यौन उत्पीड़न के मामले में विशेष सरकारी वकील बने उज्जवल निकम, इन मामलों की कर चुके पैरवी

Wed, 21 Aug 2024 03:09 AM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

Maharashtra: वकील उज्जवल निकम को ठाणे यौन उत्पीड़न मामले में विशेष सरकारी वकील नियुक्त किया गया है। वह 26/11 मुंबई आतंकी हमले और कई प्रमुख मामलों में काम कर चुके हैं,  उन्हें 2009 में जेड प्लस सुरक्षा मिली तो 2016 में पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया। 
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उज्जवल निकम - फोटो : एएनआई (फाइल)
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विस्तार
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वरिष्ठ वकील उज्ज्वल निकम को दो नर्जरी बच्चों के यौन उत्पीड़न के मामले में विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया है। उन्होंने 26/11 मुंबई आतंकी हमलों जैसे बड़े केस में भी काम किया है। उन्हें पद्म श्री पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है। आइए उनके बारे में जानते हैं-

  • निकम ने देश में आतंकवाद से जुड़े बड़े मामलों में अहम भूमिका निभाई है। उन्होंने 1991 में कल्याण बम विस्फोट के लिए रविंदर सिंह को सजा दिलाने में मदद की। वे 1993 में मुंबई में सिलसिलेवार बम धमाकों के मामले में लोक अभियोजक बने। 
  • उन्होंने अपने कानूनी करियर में कई महत्वपूर्ण मामलों में काम किया। इनमें 1997 में बॉलीवुड निर्माता और टी सीरीज के संस्थापक गुलशन कुमार की हत्या का मामला भी शामिल है। 
  • वे अप्रैल 2006 में प्रमोद महाजन की हत्या के मामले भी अभियोजक रहे। प्रमोद महाजन की उनके भाई प्रवीण ने पारिवारिक विवाद में गोली मारकर हत्या कर दी थी। 
  • निकम 26/11 मुंबई आतंकी हमले में एकमात्र पकड़े गए आतंकवादी अजम कसाब के मुकदमे में भी सरकारी वकील थे। उन्होंने कसाब को मौत की सजा दिलाने के लिए सफलतापूर्वक दलीलें पेश कीं। 26/11 मामले में अभियोजक का जिम्मा संभालने के बाद 2009 में उन्हें जेड प्लस सुरक्षा प्रदान की गई।
  • 2016 में उन्हें पद्म श्री पुरस्कार से नवाजा गया। भाजपा ने उन्हें मुंबई उत्तर केंद्रीय सीट से लोकसभा उम्मीदवार बनाया। हालांकि, वे कांग्रेस के उम्मीदवार एकनाथ गायकवाड़ से हार गए। 
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