7 फरवरी को विस्तारा और एयर इंडिया की फ्लाइट के बीच टक्कर होते-होते बच गई। बुधवार को दोनों मुंबई के ऊपर उड़ान भर रहे थे। इसी बीच विस्तारा की फ्लाइट इतनी कम ऊंचाई पर आ गई जिससे वह एयर इंडिया की दूसरी फ्लाइट के ठीक सामने आ गया। दोनों एक-दूसरे के सामने उल्टी दिशा पर उड़ान भर रहे थे। दोनों कुछ सेकेंड के अंतर से टकराते-टकराते बच गईं।
नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने विस्तरा के दो पायलटों से पूछताछ की। इस मामले पर विस्तारा के सूत्रों का कहना है कि एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) ने पायलट्स को 27,000 फीट की ऊंचाई पर उड़ने के लिए कहा था। इसीलिए उन्होंने गलती से ऐसा नहीं किया था। घटना के वक्त रात के आठ बज रहे थे। उस समय विस्तारा की यूके 997, ए-320 नीयो 152 यात्रियों के साथ दिल्ली से पुणे जा रही थी। ठीक उसी समय एयर इंडिया की एयरबस A-319 मुंबई से भोपाल फ्लाइट नंबर- AI- 631 भी 27,000 फीट की ऊंचाई पर उड़ रहा था।
सूत्रों के अनुसार विस्तारा की फ्लाइट को 29,000 फीट पर उड़ने का निर्देश दिया गया था लेकिन वह 27,100 पर ही उड़ रही थी। इस कारण दोनों फ्लाइट्स एक-दूसरे के लगभग 100 फीट नजदीक पहुंच गई थीं। जिसकी वजह से दोनों प्लेन के कॉकपिट में अलार्म बज गया। हालांकि दोनों पायलटों ने किसी तरह फ्लाइट्स को आपस में टकराने से बचाने में सफलता हासिल की। दोनों कुछ सेकेंड के अंतर से बाल-बाल बच गए।