तिरुपति में एक बार फिर मुस्लिम भक्त की आस्था सुर्खियां बटोर रही है। यहां तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम में नायडूपेटा से मुस्लिम भक्त, हुसैन भाषा ने मंदिर में पूजा सहित सेवा करने की इच्छा जाहिर की है। इसपर मंदिर निकाय ने कहा है कि उन्हें मौका मिलेगा या नहीं इसकी कितनी संभावना है, यह जल्द पता लगाया जाएगा।
वहीं, टीटीडी के कार्यकारी अधिकारी (ईओ) ए वी धर्म रेड्डी ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा है कि अन्य धार्मिक विश्वासों से संबंधित होने के बावजूद श्री वेंकटेश्वर के मुस्लिम भक्तों के समर्पण को देखकर वास्तव में खुशी हुई है। रेड्डी के अनुसार, अन्य धर्मों से जुड़े कई भक्त मासिक 'डायल योर ईओ' कार्यक्रम के दौरान भक्त हुसैन भाषा के जवाब में देवता को दान दे रहे हैं।
हालांकि, ईओ ने हुसैन भाषा से वादा किया है कि उनके अनुरोध पूरा हो सके। गौरतलब है कि वर्ष 2000 में शुरू की गई, श्रीवारी सेवा एक स्वैच्छिक सेवा है, जिसका उद्देश्य देश और दुनिया के दूर-दराज के हिस्सों से आने वाले तीर्थयात्रियों को बेहतर सेवाएं प्रदान करना है।
60 से अधिक क्षेत्रों में होती हैं सेवाएं
श्रीवारी सेवाकुलु (श्रीवारी सेवा के प्रदाता) की सेवाएं टीटीडी के 60 से अधिक क्षेत्रों में की जाती हैं, जैसे सतर्कता, स्वास्थ्य, अन्नप्रसादम, उद्यान, चिकित्सा, लड्डू प्रसादम (पवित्र भोजन), मंदिर, परिवहन, कल्याणकट्टा, बुक स्टॉल और अन्य। बता दें कि टीटीडी तिरुपति में श्री वेंकटेश्वर मंदिर के आधिकारिक संरक्षक हैं।