असम में सिलचर हवाई अड्डे पर तृणमूल कांग्रेस के एक प्रतिनिधिमंडल को रोके जाने के एक दिन बाद पार्टी समर्थकों ने उक्त घटना के खिलाफ आज कोलकाता के हिस्सों और आसपास के क्षेत्रों में रेल और सड़क यातायात बाधित किया।
ट्रेन सेवाएं सुबह पूर्व रेलवे के सियालदह मंडल में आंशिक रूप से तब प्रभावित हुई जब लोगों के एक समूह ने धूबुलिया और गुमा स्टेशनों पर रेल पटरी अवरूद्ध कर दी। पूर्व रेलवे के एक प्रवक्ता ने कहा कि एक ‘‘गैर रेलवे मुद्दे’’ को लेकर प्रदर्शन के चलते पांच ट्रेनें विलंबित हुईं।
उन्होंने कहा, ‘‘धूबुलिया में प्रदर्शनकारियों ने पटरियों को एक घंटे से अधिक समय तक बाधित किया जिससे दो यात्री ट्रेनें विलंबित हुई। तीन ईएमयू लोकल ट्रेनें भी सुबह में गुमा स्टेशन पर रूकी रहीं।’’
राष्ट्रीय नागरिक पंजी (एनआरसी) के तैयार मसौदे को लेकर असम में स्थिति का आकलन करने के लिए तृणमूल कांग्रेस का आठ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल कल सिलचर पहुंचा था लेकिन उसे हवाई अड्डे से निकलने की इजाजत नहीं दी गई।
तृणमूल कांग्रेस प्रमुख एवं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने दावा किया कि प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों से हवाई अड्डे पर धक्का मुक्की की गई। उन्होंने भाजपा पर देश में ‘‘सुपर आपातकाल’’ लगाने का आरोप लगाया।
पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि उत्तर 24 परगना जिले में पिछड़े वर्गों का प्रतिनिधित्व करने वाले एक धार्मिक संगठन ‘द आल इंडिया माटुआ महासंघ’ ने कल की घटना के विरोध में सुबह करीब 10 बजे सड़क बाधित की।
उन्होंने बताया कि पुलिस के हस्तक्षेप के बाद सड़क आधे घंटे बाद खोल दी गई।