भारत में जल्द ही विनाशकारी समुद्री तूफान 'सुनामी' के तट तक पहुंचने के समय के बारे में पूर्वानुमान लगाना संभव हो सकेगा। इस पूर्वानुमान से जानमाल के नुकसान को काफी हद तक कम करने में मदद मिलेगी। भूविज्ञान मंत्रालय के अंतर्गत इंडियन नेशनल सेंटर फॉर ओशियन इंर्फोमेशन सर्विसेज (आईएनसीओआईएस) ने इस संबंध में एक मॉडल विकसित किया है।
सेंटर के निदेशक एसएससी शिनॉय ने बताया कि इस मॉडल से यह पूर्वानुमान लगाया जा सकेगा कि समुद्री पानी कितने समय बाद तट तक पहुंचेगा। शिनॉय ने कहा कि यह देश की सुनामी त्वरित चेतावनी प्रणाली के तहत लेवल-3 का अलर्ट होगा।
इस प्रणाली को 2004 की घातक सुनामी के बाद शुरू किया गया था। लेवल-1 के तहत सुनामी की तीव्रता की जानकारी दी जाती है। लेवल- 2 में संभावित सुनामी और उसकी लहरों की ऊंचाई के बारे में जानकारी दी जाती है।