हार्ट की बीमारी का इलाज भारत में सबसे महंगा है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि एशिया के सात देशों के मुकाबले भारत में इसके इलाज के दौरान काफी खर्च आता है। वहीं अमीर देशों में देखें तो दक्षिण कोरिया की प्रति व्यक्ति आय भारत से साढ़े पांच गुना ज्यादा है फिर भी वहां इस इलाज में कम खर्च आता है।
करीब 50 प्राइवेट अस्पतालों में की गई रिसर्च से ये बात सामने आई है। साल 2011 से 2014 के आंकड़े देखें तो पता चलता है कि भारत में एंजियोप्लास्टी (धमनियों में रुकावट के आने पर इन्हें खोलने के लिए एंजियोप्लास्टी सर्जरी की जाती है) का खर्चा सिंगापुर से भी ज्यादा है। लेकिन इसके इलाज से संबंधित कई प्रक्रियाएं ऐसी भी हैं जो चीन और थाईलैंड से सस्ती हैं। लेकिन दक्षिण कोरिया और वियतनाम से महंगी है।
चीन और थाईलैंड की प्रति व्यक्ति आय भारत से 2 गुना ज्यादा है। वहीं वियतनाम की प्रतिव्यक्ति आय भारत के ही बराबर है। वहीं चीन में ज्यादातर प्रक्रिया भारत से 13-25 फीसदी अधिक महंगी हैं। वियतनाम की बात करें तो यहां केवल 6 फीसदी स्वास्थ्य सेवाएं ही निजी हाथों में हैं। जिस कारण यहां इलाज सस्ता है।
यह जानकारी एक जर्नल में पब्लिश अध्ययन पर आधारित है। जिसमें विभिन्न देशों में हार्ट के इलाज संबंधित प्रक्रियाओं में खर्चे की तुलना की गई है। इसमें ईसीजी, कार्डियक मार्कर, इको कार्डियोलॉजी, एंजियोग्राफी, एंजियोप्लास्टी में आने वाले खर्चे को शामिल किया गया है। चलिए आंकड़ों के जरिए आपको बताते हैं कि भारत और बाकी देशों में कितना महंगा और कितना सस्ता है हार्ट का इलाज-