तेलंगाना पुलिस ने मंगलवार को एक 28 साल के शख्स को गिरफ्तार किया है। उसने पिछले चार साल के दौरान यदाद्री भोंगिर जिले के बोम्मालरामरन ब्लॉक के हाजीपुर गांव में कथित तौर पर तीन नाबालिग लड़कियों की दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी। इसके अलावा उसने आंध्र प्रदेश के कुरनूल जिले में एक महिला की भी हत्या की थी।
रचाकोंडा के पुलिस कमिश्नर महेश भागवत ने बताया कि आरोपी की पहचान श्रीनिवास रेड्डी के तौर पर हुई है। वह अविवाहित है और शराब और अश्लील फिल्मों का आदी है। उन्होंने बताया, 'वह सबूत मिटाने के लिए नाबालिग लड़कियों के शव को कुओं में फेंक देता था। वहीं महिला के शव को उसने कुरनूल में पानी के टैंक में फेंक दिया था।'
नौंवी कक्षा में पढ़ने वाली 14 साल की लड़की शुक्रवार शाम से गायब थी। उसका शव गांव के एक कुएं से बरामद हुआ। इसी कुएं से एक 17 साल की लड़की का नरकंकाल भी बरामद हुआ जो उसी गांव की थी और मार्च से लापता थी। भागवत ने कहा कि रेड्डी ने 2015 में हाजीपुर के पास स्थित मैसीरेड्डीपल्ले गांव की 12 साल की लड़की की दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी थी।
भागवत ने कहा, 'मंगलवार को पुलिस ने स्थानीय गांववालों की मदद से लड़की के शव को ढूंढा। शव को देर शाम तक निकाला गया।' कमिश्नर ने बताया कि 14 साल की लड़की जो रेड्डी का ताजा शिकार बनी वह स्कूल से वापस आ रही थी और पेड़ के नीचे बैठकर गाड़ी का इंतजार कर रही थी। रेड्डी ने उसे लिफ्ट ऑफर की।
उन्होंने कहा, 'चूंकि रेड्डी और पीड़िता एक ही गांव के थे तो उसे शक नहीं हुआ। रास्ते में रेड्डी लड़की को एक सुनसान कुएं पर ले गया। जहां उसने उसके साथ दुष्कर्म किया और उसकी गला घोंटकर हत्या कर दी। फिर उसके बाद शव को कुएं में फेंक दिया।' लड़की के पिता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने उसकी खोजबीन शुरू की और उसका स्कूल बैग एक कुएं के पास मिला।
बाद में लड़की का शव कुएं से मिला। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से इस बात की पुष्टि हो गई कि उसके साथ दुष्कर्म हुआ और गला घोंटने से उसकी मौत हुई थी। पुलिस ने सूचना के आधार पर रविवार को रेड्डी को गिरफ्तार किया था। पूछताछ के दौरान उसने अपने सभी जुर्म कबूल कर लिए।