फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Telangana: मंत्रिमंडल बैठक में तेलंगाना सरकार ने लिए कई फैसले, पढ़िए विपक्षी गठबंधन पर क्या बोले केटीआर

Tue, 01 Aug 2023 04:15 AM IST
जलज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद

सार

तेलंगाना सरकार ने सोमवार को मंत्रिमंडल की बैठक की। बैठक में सरकार ने कई महत्वपूर्ण लिए। बैठक में तय हुआ कि सरकार अगले तीन-चार वर्षों में हैदराबाद मेट्रो रेल प्रोजेक्ट के लिए लगभग 60 हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी।
विज्ञापन
KCR - फोटो : Social Media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

तेलंगाना सरकार ने मंत्रिमंडल की बैठक में कई निर्णय लिए हैं। बैठक में हैदराबाद मेट्रो और बारिश में मारे गए लोगों की अनुग्रह राशि सहित कई फैसले किए हैं। बैठक की अध्यक्षता मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव ने की।

बारिश में जान गंवाने वाले सभी मृतकों के परिजनों की मदद का एलान

विज्ञापन

तेलंगाना सरकार ने सोमवार को मंत्रिमंडल की बैठक की। बैठक में सरकार ने कई महत्वपूर्ण लिए। बैठक में तय हुआ कि सरकार अगले तीन-चार वर्षों में हैदराबाद मेट्रो रेल प्रोजेक्ट के लिए लगभग 60 हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी। इसके अलावा सरकार ने तय किया कि भारी बारिश में मारे गए 40 मृतकों के परिजनों को अनुग्रह राशि दी जाएगी। इसके अलावा राज्य संचालित सड़क परिवहन निगम के 43000 से अधिक कर्मचारियों को सरकारी कर्मचारियों के रूप में मान्यता देने का निर्णय लिया गया है। 

विपक्षी एकता के जीतने का दावा भी ठोका
बैठक के बाद नगर प्रशासन मंत्री केटी रामा राव ने बताया कि हैदरबाद में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए मेट्रो रेल का विस्तार किया जाएगा। मेट्रो प्रोजेक्ट हैदराबाद को कई बाहरी इलाकों से जोड़ेगा। कैबिनेट ने 101 किलोमीटर के लिए 60 हजार करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। राव ने कहा कि उम्मीद है कि केंद्र हर शहरों की तहर इस परियोजना को लागू करने में भी मदद करेगी। उन्होंने कहा कि अगर सरकार हमारी मदद नहीं भी करती है तो अगले साल 2024 में वैसे भी गठबंधन सरकार आने वाली है। इसमें बीआरएस की भूमिका महत्वपूर्ण होगी। बैठक के बाद चंद्रशेखर राव के बेटे रामा राव ने कहा कि केंद्र से हैदराबाद के हकीमपेट वायु सेना स्टेशन से नागरिक उड्डयन सेवाओं की अनुमति लेने का आग्रह करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा, शहर के विकास के कारण हैदराबाद में दूसरे हवाई अड्डे की आवश्यकता होने लगी है। अनुमति के बाद अगर हकीमपेट हवाईअड्डे को रक्षा अधिकारी चलाना चाहते हैं तो हमें कोई आपत्ति नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें