प्रधानमंत्री ने समाज के लोगों, परिवारों से कोविड-19 की स्थिति में छोटे कंटेनमेंट जोन बनाने में सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी को कोरोना वायरस संक्रमण होने की स्थिति में, माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाने का नेतृत्व समाज के लोग करें। मोदी ने कहा कि जहां पर संक्रमण का एक भी मामला आया है, वहां परिवार के लोग, समाज के लोग छोटे कंटेनमेंट क्षेत्र बनाएं। भारत जैसे सघन जनसंख्या वाले देश में कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई का एक महत्वपूर्ण तरीका यह भी है।
पीएम मोदी ने कहा, 'टीके की एक भी खुराक व्यर्थ न हो, हमें यह सुनिश्चित करना है। हमें उस दिशा में बढ़ना है जहां एक भी खुराक बेकार न जाए। इस दौरान हमें देश की टीकाकरण क्षमता के सर्वोत्कृष्ट उपयोग की तरफ बढ़ना है। ये भी हमारी क्षमता बढ़ाने का ही एक तरीका है।' प्रधानमंत्री ने कहा कि इन चार दिनों में व्यक्तिगत स्तर पर, समाज के स्तर पर और प्रशासन के स्तर पर हमें अपने-अपने लक्ष्य बनाने हैं, उन्हें प्राप्त करने के लिए पूरा प्रयास करना है। मुझे पूरा विश्वास है, इसी तरह जनभागीदारी से, जागरूक रहते हुए, अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए, हम एक बार फिर कोरोना वायरस को नियंत्रित करने में सफल होंगे। याद रखिए- 'दवाई भी, कड़ाई भी।'
कोविड-19 के बढ़ते मामलों के बीच मोदी ने हाल में मुख्यमंत्रियों के साथ वार्ता में चार दिवसीय ‘टीका उत्सव’ का प्रस्ताव दिया था जिसकी शुरुआत ज्योतिबा फुले की जयंती से शुरू होकर दलितों के मसीहा बी आर आंबेडकर की जयंती तक चलनी है।
सक्रिय मरीजों की संख्या 11 लाख पार
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा रविवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, देश में कोरोना वायरस संक्रमण के 1,52,879 नए मामले सामने आने के साथ ही कोविड-19 से संक्रमित लोगों की कुल संख्या 1,33,58,805 हो गई है। महामारी फैलने के बाद पहली बार सक्रिय मरीजों की संख्या 11 लाख से अधिक हो गई है।
रविवार सुबह आठ बजे के आंकड़ों के मुताबिक संक्रमण से पिछले 24 घंटे में 839 लोगों की मौत हुई। इसके साथ ही मृतकों की कुल संख्या 1,69,275 हो गई है, जो 18 अक्तूबर 2020 के बाद सर्वाधिक है।