भारतीय कंपनियां पूरी दुनिया में अपनी एक अलग पहचान रखती है, कई दिग्गज कंपनियां तो ऐसी हैं जिनका मार्केट कैप कई छोटे देशों के बजट से ज्यादा है। ग्राहक इन कंपनियों पर कुछ हद तक आंख बंद कर भरोसा भी करते हैं। इसलिए बीते कुछ समय से नमक से लेकर सॉफ्टवेयर बनाने वाला टाटा समूह भारत का सबसे मूल्यवान ब्रांड बनकर उभरा है। लेकिन और भी कई ऐसी कंपनियां हैं जो ग्राहक के भरोसे और जरूरत पर खरी उतरती है।
आज हम आपको भारत के उन शीर्ष 10 मूल्यवान ब्रांड के बारे में बता रहे हैं जिन्होंने पूरी दुनिया में अपना लोहा मनवाया है।
शीर्ष ब्रांड की सूची में पहला स्थान टाटा समूह का है। साल 2018 में टाटा की ब्रांड वैल्यू 14.23 अरब डॉलर दर्ज की गई है। वहीं इंट्रा ब्रांड इंडिया की साल 2017 की रिपोर्ट में टाटा समूह को पहला नंबर दिया गया था।
टाटा के बाद भारती एयरटेल को दूसरे सबसे बड़े ब्रांड का दर्जा मिला है। वर्तमान समय में भारती एयरटेल की ब्रांड वैल्यू साल 6.66 अरब डॉलर दर्ज की गई है। वहीं टेक्नॉलजी दिग्गज इंफोसिस की ब्रांड वैल्यू 6.03 अरब डॉलर है।
इसके साथ ही भारत सरकार की स्वामित्व वाली बीमा कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) को भारत के चौथे सबसे बडे ब्रांड का दर्जा मिला है। एलआईसी का ब्रांड वैल्यू मौजूदा समय में 5.96 अरब डॉलर है।
इसके बाद क्रमश: एचसीएल टेक्नोलॉजीज (4.57 अरब डॉलर), भारतीय स्टेट बैंक (4.44 अरब डॉलर), इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (4.22 अरब डॉलर), एचडीएफसी बैंक (4.07 अरब डॉलर), रिलायंस इंडस्ट्रीज (4.04 अरब डॉलर) और आईटीसी लिमिटेड (4.00 अरब डॉलर) के नाम शामिल हैं।