संयुक्त राष्ट्र के एक अधिकारी ने शुक्रवार को दावा किया था कि रूसी सैनिकों को यूक्रेनी महिलाओं से दुष्कर्म करने और उन्हें अमानवीय बनाने के लिए वियाग्रा की आपूर्ति की जा रही है। इस दावे के बाद प्रसिद्ध बांग्लादेशी लेखिका और कार्यकर्ता तसलीमा नसरीन ने रविवार को 1971 के मुक्ति संग्राम के दौरान महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार की घटनाओं को उठाया।
रूस और यूक्रेन के बीच संघर्ष में यूक्रेनी महिलाओं के साथ दुष्कर्म और हिंसा की खबरें सामने आई हैं। हाल ही में संयुक्त राष्ट्र ने इस पर चिंता जताई थी। इसी बीच संयुक्त राष्ट्र की विशेष प्रतिनिधि प्रमिला पैटन ने दावा किया है यूक्रेनी महिलाओं के साथ दुष्कर्म और यौन हिंसा करना रूसी सेना की रणनीति का हिस्सा है। प्रमिला पैटन ने एक साक्षात्कार में न्यूज एजेंसी एएफपी को बताया कि यूक्रेन में रूसी सेना की ओर से किए जा रहे दुष्कर्म, यौन हिंसा और अमानवीय व्यवहार रूस की सैन्य रणनीति का हिस्सा है और जानबूझकर बनाई गई रणनीति है।
पैटन ने कहा कि "जब महिलाओं को कई दिनों तक बंधक बनाकर रखा जाता है और दुष्कर्म किया जाता है, जब आप छोटे लड़कों और पुरुषों के साथ दुष्कर्म करना शुरू करते हैं, जब आप प्राइवेट पार्ट को चोट पहुंचाने वाली घटनाओं को देखते हैं, जब आप महिलाओं को वियाग्रा से लैस रूसी सैनिकों के बारे में गवाही देते सुनते हैं, तो समझ में आती है कि यह स्पष्ट रूप से एक सैन्य रणनीति है।"
प्रमिला पैटन ने कहा कि पहली बार यूक्रेनी महिलाओं के साथ दुष्कर्म की खबर युद्ध के तीन दिन बाद आनी शुरू हुई। पैटन के अनुसार संयुक्त राष्ट्र फरवरी 2022 यूक्रेन में दुष्कर्म के सौ से अधिक मामलों को सत्यापित कर चुका है। पैटन ने कहा कि अब तक प्राप्त आंकड़ों से पता चलता है कि यौन हिंसा के शिकार लोगों की उम्र चार साल से 82 साल के बीच है। इन पीड़ितों में अधिकतर महिलाएं और लड़कियां हैं, लेकिन पुरुष और कुछ किशोरों के साथ भी यौन हिंसा के मामले सामने आए हैं।
तसलीमा नसरीन ने पाकिस्तानी सेना को लेकर कही ये बात
पैटन के दावे पर प्रतिक्रिया देते हुए तसलीमा नसरीन ने ट्वीट किया, "रूस सैनिकों को यूक्रेनियन से दुष्कर्म करने के लिए वियाग्रा दे रहा है! रूसी 'सैन्य रणनीति' का हिस्सा! 'पीड़ितों को अमानवीय बनाने के लिए जानबूझकर बनाई गई रणनीति'! रूसी सेना ने वियाग्रा के साथ अब तक 100 यूक्रेनियनों के साथ दुष्कर्म और यौन हिंसा किया। लेकिन पाकिस्तानी सेना ने 1971 में वियाग्रा के बिना दो लाख बंगाली महिलाओं का दुष्कर्म किया था!"