तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने सोमवार को विधानसभा में बड़ा एलान किया कि उनकी सरकार परंदूर में नया एयरपोर्ट बनाने के लिए उठाए गए कदमों को रोक देगी। उन्होंने कहा कि प्रस्तावित परियोजना से कृषि भूमि प्रभावित होने और किसानों व स्थानीय निवासियों की आजीविका पर असर पड़ने की आशंका है।
विजय ने कहा कि चेन्नई के मौजूदा मीनांबक्कम एयरपोर्ट की सालाना करीब तीन करोड़ यात्रियों को संभालने की क्षमता है। शहर की बढ़ती जरूरतों, औद्योगिक विकास और माल ढुलाई में वृद्धि को देखते हुए नए एयरपोर्ट की जरूरत है, लेकिन इसके लिए ऐसी जगह चुनी जानी चाहिए जहां कृषि भूमि और रिहायशी इलाकों पर न्यूनतम असर पड़े।
मुख्यमंत्री ने बताया कि उन्होंने 20 जनवरी 2025 को एगनापुरम और आसपास के गांवों का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने परंदूर और आसपास के गांवों में प्रस्तावित एयरपोर्ट के विरोध में प्रदर्शन कर रहे लोगों की समस्याएं सुनी थीं। विजय ने कहा कि वह परंदूर और आसपास के 12 गांवों में एयरपोर्ट के निर्माण का विरोध कर रहे लोगों के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने किसानों को देश की रीढ़ बताते हुए कृषि भूमि बचाने के लिए आंदोलन कर रहे लोगों का समर्थन किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने अक्तूबर 2024 में विक्रवंडी में एक जनसभा के दौरान ही परंदूर एयरपोर्ट परियोजना का विरोध किया था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वह औद्योगिक विकास और उसमें एयरपोर्ट की भूमिका के पक्ष में हैं, लेकिन नया एयरपोर्ट परंदूर में नहीं बनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार को इस परियोजना पर दोबारा विचार करना चाहिए और ऐसी वैकल्पिक जगह तलाशनी चाहिए, जहां कृषि भूमि कम से कम प्रभावित हो और लोगों की आजीविका बाधित न हो।
परंदूर, कांचीपुरम जिले में अंतरराष्ट्रीय ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट स्थापित करने के प्रस्ताव को अप्रैल 2025 में नागरिक उड्डयन मंत्रालय से ‘इन-प्रिंसिपल’ यानी सैद्धांतिक मंजूरी मिल चुकी थी। अब तमिलनाडु सरकार के इस फैसले से परियोजना को लेकर आगे की दिशा बदल गई है।
तमिलनाडु के पूर्व मंत्री और डीएमके नेता थंगम थेन्नारसु ने कहा कि राज्य के आर्थिक विकास के लिए एयरपोर्ट बेहद महत्वपूर्ण है और चेन्नई में एक नए एयरपोर्ट की जरूरत है। उन्होंने कहा कि चेन्नई एयरपोर्ट कभी यात्रियों की संख्या के मामले में तीसरे स्थान पर था, लेकिन अब पांचवें स्थान पर पहुंच गया है।
उन्होंने बताया कि चेन्नई और तमिलनाडु में नए ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की आवश्यकता को देखते हुए परंदूर को इसके लिए चुना गया था। श्रीपेरंबदूर में स्थित औद्योगिक इकाइयों को ध्यान में रखते हुए इस स्थान पर एयरपोर्ट विकसित करने की दिशा में कदम उठाए गए थे। थंगम थेन्नारसु ने कहा कि परंदूर को अंतिम रूप देने से पहले चेन्नई की तकनीकी व्यवहार्यता और भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए कई स्थानों का अध्ययन किया गया था। इसके बाद केंद्र सरकार से भी परियोजना के लिए मंजूरी प्राप्त की गई थी।