तमिलनाडु के वित्त मंत्री ने पेश किया बजट।
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तमिलनाडु सरकार ने सोमवार को राज्य का बजट पेश किया। इसमें सितंबर से घर की पात्र महिला मुखिया के लिए 1,000 रुपये मासिक सहायता योजना का एलान सबसे बड़ा रहा। राज्य के वित्त मंत्री पलानीवेल थियागराजन ने अपने बजट भाषण में घोषणा करते हुए कहा कि योजना के कार्यान्वयन के लिए आवश्यक तौर-तरीकों पर काम किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस योजना के लिए मौजूदा बजट में 7,000 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं।
तमिलनाडु सरकार ने 2023-24 के लिए राज्य का बजट सोमवार को विधानसभा में पेश किया। उसने कहा कि सुधार पहलों के चलते राज्य के राजस्व घाटे में कमी आई है और यह 62,000 करोड़ रुपये से घटकर 30,000 करोड़ रुपये रह गया है।
थियागा राजन ने बजट पेश करते हुए कहा कि बीते दो वर्षों में बड़े पैमाने की अनेक कल्याण योजनाएं चलाई गईं जिसके बावजूद राजस्व घाटे में कमी आई है। वित्त मंत्री ने बजट में, चेन्नई में आधुनिक ‘वैश्विक स्पोर्ट्स सिटी’ बसाने की, डॉ. बीआर आंबेडकर के काम के तमिल में अनुवाद के लिए पांच करोड़ रुपये का प्रावधान करने के अलावा कोयंबटूर और मदुरै में मेट्रो रेल परियोजनाओं की भी घोषणा की।
राजन ने कहा कि आगामी वित्त वर्ष के दौरान राज्य सरकार 1,500 करोड़ रुपये की लागत से कक्षाओं, प्रयोगशालाओं और शौचालयों का निर्माण करवाएगी।
चुनाव में किया था परिवार की महिला मुखिया को भत्ता देने का वादा
गौरतलब है कि द्रमुक ने 2021 में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान परिवार की महिला मुखिया को 1,000 रुपये की आर्थिक सहायता देने का वादा किया था। चुनाव के बाद मुख्य विपक्षी दल अन्नाद्रमुक ने स्टालिन पर इस वादे को पूरा न करने का आरोप लगाया। तब सत्ताधारी द्रमुक ने कहा था कि जल्द ही योजना शुरू की जाएगी।
द्रमुक अध्यक्ष और मुख्यमंत्री स्टालिन ने हाल ही में इरोड (पूर्व) उपचुनाव के लिए अपने प्रचार के दौरान आश्वासन दिया था कि जब बजट पेश किया जाएगा तब योजना शुरू करने की तारीख ऐलान किया जाएगा।