तमिलनाडु भाजपा के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने अपने खिलाफ दर्ज एक मामले को रद्द कराने के लिए मद्रास हाईकोर्ट का रुख किया है। दरअसल भाजपा पदाधिकारी के खिलाफ सीबी-सीआईडी ने चार करोड़ रुपये की जब्ती के संबंध में मामला दर्ज किया था। आरोप है कि ये पैसा तिरुनेवेली लोकसभा सीट के मतदाताओं में बांटा जाना था। इस सीट से नैगनार नागेंद्रन भाजपा उम्मीदवार हैं।
क्या है मामला
भाजपा के राज्य संगठन महासचिव केशव विनयगम ने मद्रास हाईकोर्ट में याचिका दायर की। यह याचिका जस्टिस सी सरवनन की पीठ के सामने लाई गई। पीठ ने मामले की सुनवाई 3 जून तक टाल दी है, साथ ही सीबी-सीआईडी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। याचिका में भाजपा नेता ने बताया कि चुनाव आयोग के उड़न दस्ते ने 6 अप्रैल को तंबारम रेलवे स्टेशन के नजदीक नेल्लई एक्सप्रेस पर दो लोगों को पकड़ा था। दोनों लोग एक होटल के कर्मचारी थे, दोनों के पास से भारी मात्रा में नकदी बरामद हुई थी। जिसके बाद होटल के मालिक और दोनों कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया गया था। दोनों युवकों के पास से 3.99 करोड़ रुपये की नकदी मिली थी। इस नकदी को तहसीलदार को सौंप दिया गया था और तंबारम पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया था। बाद में तीनों को जमानत पर छोड़ दिया गया था।
भाजपा नेता ने लगाए ये आरोप
भाजपा पदाधिकारी ने याचिका में कहा कि सीबी-सीआईडी ने इस मामले में फिर से एक मामला दर्ज किया। तीनों आरोपियों के बयान दर्ज किए गए। 20 मई को याचिकाकर्ता और दो अन्य को भी इस मामले में समन जारी किया गया और पुलिस के सामने पेश होने को कहा गया। याचिकाकर्ता ने चुनाव में व्यस्तता के चलते पुलिस के सामने पेश होने से इनकार कर दिया। याचिकाकर्ता का कहना है कि वह निर्दोष है और उसका जब्त किए गए पैसे से कोई लेना-देना नहीं है। साथ ही गिरफ्तार लोगों से भी उसकी कोई जान-पहचान नहीं है। भाजपा नेता ने कहा कि उन्हें फंसाने की कोशिश हो रही है और राजनीतिक बदले की भावना से उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।