तमिलनाडु की स्टालिन सरकार ने दावा किया था कि दुनिया की सबसे बड़ी कॉन्ट्रैक्ट मोबाइल निर्माता कंपनी फॉक्सकॉन राज्य में 15 हजार करोड़ का निवेश करेगी। हालांकि नए निवेश की खबरों पर कंपनी ने इनकार कर दिया, जिसके बाद डीएमके सरकार विपक्षी दलों के निशाने पर आ गई है। अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (AIADMK) ने बुधवार (15 अक्तूबर) को स्टालिन सरकार को "पूरी तरह से झूठ पर बनी सरकार" करार दिया। साथ ही तमिलनाडु में फॉक्सकॉन द्वारा किए गए एक बड़े निवेश के बारे में झूठे दावे करने का आरोप लगाया।
एआईएडीएमके ने मुख्यमंत्री के "स्टालिन मॉडल" का भी मजाक उड़ाया और कहा, "अगर आप झूठ भी बोलते हैं, तो कम से कम उसे विश्वसनीय तो बनाइए।" और सरकार के विदेश दौरों की आलोचना करते हुए कहा कि इनसे राज्य को कोई वास्तविक लाभ नहीं मिल रहा है। पार्टी ने दावा किया कि डीएमके ने घोषणा की थी कि फॉक्सकॉन ने मुख्यमंत्री एमके स्टालिन से मुलाकात की है और 15,000 करोड़ रुपए के निवेश की योजना बनाई है, लेकिन बाद में फॉक्सकॉन ने ऐसी किसी भी बातचीत से इनकार किया।
AIADMK ने पोस्ट के जरिए साधा निशाना
एक्स पर एक पोस्ट में AIADMK ने लिखा, "DMK सरकार ने घोषणा की है कि फॉक्सकॉन ने मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन से मुलाकात की है और 15,000 करोड़ रुपये का निवेश करने की तैयारी में है। कठपुतली मुख्यमंत्री ने गर्व से इसे "स्टालिन मॉडल का पालन" बताया। हालांकि, अब ऐसी खबरें आ रही हैं कि फॉक्सकॉन ने प्रस्तावित निवेश के संबंध में ऐसी किसी भी बातचीत से इनकार किया है। हम स्टालिन को उनका एक अनमोल कथन याद दिलाना चाहते हैं,"भले ही आप झूठ बोलें, कम से कम उसे विश्वसनीय तो बनाएं।"
पोस्ट में आगे लिखा, "क्योंकि अविश्वसनीय झूठ इतनी जल्दी बेनकाब हो जाते हैं! हर साल, यह कठपुतली मुख्यमंत्री विदेश यात्राओं पर जाते हैं, लेकिन तमिलनाडु को उनसे क्या हासिल हुआ? जब उनसे पूछा जाता है, तो उनका एक ही जवाब होता है, "खाली कागज!" भला, अगर बर्तन में कुछ है ही नहीं, तो आप उसमें से कैसे परोस सकते हैं?"
पूरी तरह झूठ पर टिकी यह सरकार-AIADMK
पोस्ट में आगे लिखा था, "कल उजागर हुआ झूठ इस बात का सबूत है कि पूरी तरह झूठ पर टिकी यह सरकार जल्द ही बेनकाब होकर गिर जाएगी! यहां तक कि गूगल ने भी कल घोषणा की कि वह आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम में हजारों करोड़ रुपए का निवेश करेगा। एक ऐसे अयोग्य कठपुतली मुख्यमंत्री के चंगुल में फंसे तमिलनाडु को बचाने के लिए, जिसे शासन का मतलब भी नहीं पता, और प्रगति के पथ पर एक समृद्ध तमिलनाडु के पुनर्निर्माण के लिए, केवल एक ही रास्ता है: 2026 में AIADMK शासन की वापसी!"
फॉक्सकॉन के बयान के बाद सियासत गरमाई
AIADMK का यह हमला उस रिपोर्ट के बाद आया, जिसमें कहा गया था कि फॉक्सकॉन ने एक मीडिया समूह को दिए बयान में कहा था कि उसके भारत प्रतिनिधि ने सीएम स्टालिन से मुलाकात की थी, लेकिन किसी नए निवेश पर चर्चा नहीं हुई। इससे पहले 13 अक्टूबर को गाइडेंस तमिलनाडु ने सोशल मीडिया 'X' पर पोस्ट किया था, जिसमें दावा किया गया था कि फॉक्सकॉन 15,000 करोड़ रुपए का निवेश करने और 14,000 कुशल नौकरियां पैदा करने के लिए तैयार है, जिससे राज्य के इलेक्ट्रॉनिक्स और उन्नत विनिर्माण विकास को बल मिलेगा। बता दें कि 'गाइडेंस' निवेश प्रोत्साहन और एकल खिड़की सुविधा के लिए तमिलनाडु सरकार की नोडल एजेंसी है।