केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार के दूसरी वर्षगाठ पर 2 अक्टूबर से स्वच्छ भारत अभियान की शुरुआत की थी। लेकिन, ये मिशन अभी भी खुले में शौच से मुक्ति (ओडीएफ) पाने के अपने साल 2017 तक के उद्देश्य से पीछ ही दिख रहा है।
इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक, प्राप्त डेटा से अबतक पता चला है कि 4041 शहरों में 141 शहर और 6.08 लाख गांवों में छह से भी कम गांवों को ओडीएफ गांव घाषित किया गया है।
शहरी घटक के तहत पांच साल के मिशन के तहत 2.55 लाख सार्वजनिक शौचालय बनाने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन अब तक इसका सिर्फ 9 फीसदी अर्थात 22 हजार ही शौचालय का निर्माण हो पाया है। वहीं, सामुदायिक शौचालय के रूप में 76,744 सीट का ही निर्माण हो पाया है, जोकि लक्ष्य का 30 फीसदी ही है।