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West Bengal: बंगाल में मदरसों का राज्यभर में सर्वे शुरू, 5 जुलाई तक रिपोर्ट तलब

Sun, 07 Jun 2026 04:21 AM IST
नितिन गौतम अमर उजाला, कोलकाता

सार

बंगाल सरकार प्रदेश भर में मदरसों का सर्वे करा रही है। सरकार मदरसों की वास्तविक स्थिति जानकर भविष्य की नीतियों, छात्र कल्याण और रखरखाव से जुड़े फैसले लेना चाहती है।
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मदरसा स्कूल के बच्चे - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के सभी मदरसों का सर्वे शुरू किया है। अल्पसंख्यक मामलों और मदरसा शिक्षा विभाग की तरफ से शुक्रवार को जारी अधिसूचना के अनुसार सभी जिला मजिस्ट्रेटों को 5 जुलाई तक बुनियादी ढांचे, छात्रों-शिक्षकों की संख्या, पाठ्यक्रमों और कानूनी स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट देने का निर्देश दिया गया है। राज्य में भाजपा सरकार के गठन के बाद यह फैसला आया है। एक वरिष्ठ राज्य सचिवालय अधिकारी ने बताया कि इस अभ्यास का उद्देश्य प्रशासनिक है। 
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क्यों हो रहा ये सर्वे?
सरकार मदरसों की वास्तविक स्थिति जानकर भविष्य की नीतियों, छात्र कल्याण और रखरखाव से जुड़े फैसले लेना चाहती है। उन्होंने बताया कि जिलास्तरीय रिपोर्टों से रिकॉर्ड और नियमों के पालन में कमियों की पहचान होगी, जिसके बाद उचित निर्णय लिए जाएंगे। हालांकि, शैक्षणिक पाठ्यक्रम बदलने का कोई प्रस्ताव नहीं है। हाल ही में राज्य सरकार ने मदरसों समेत सभी शिक्षण संस्थानों में सुबह की प्रार्थना के दौरान वंदे मातरम गाना भी अनिवार्य किया है।
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एसटीएफ ने तृणमूल नेता के तालाब से पकड़ा हथियारों का जखीरा

बंगाल पुलिस के विशेष कार्यबल (एसटीएफ) ने शनिवार सुबह उत्तर 24 परगना जिले के संदेशखाली में तृणमूल कांग्रेस नेता से जुड़े तालाब से बड़ी संख्या में हथियार और कारतूस बरामद किए। एसटीएफ अधिकारियों ने केंद्रीय सुरक्षा बलों और संदेशखाली थाना पुलिस के जवानों के साथ मिलकर तृणमूल कांग्रेस नेता रॉबिन दास और उनके भाई गोपाल दास के घरों, आसपास के क्षेत्रों और उनसे जुड़े तालाब में तलाशी अभियान चलाया।

अधिकारियों के मुताबिक छापे से ठीक पहले आरोपी रॉबिन दास और गोपाल दास इलाके से फरार हो गए, जिन्हें पूर्व में तृणमूल के प्रभावशाली नेता शेख शाहजहां का करीबी माना जाता रहा है। दोनों भाइयों पर लोगों पर अत्याचार करने, राजनीतिक विरोधियों, भाजपा कार्यकर्ताओं को प्रताड़ित करने के आरोप लगते रहे हैं। आशंका है कि इन अवैध हथियारों को शांति भंग करने, हिंसा फैलाने या आपराधिक गतिविधियों के लिए छिपाकर रखा गया था। फोरेंसिक जांच की तैयारी की जा रही है। 
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