सर्वोच्च न्यायालय ऐसी कई याचिकाओं पर बुधवार को फैसला सुनाएगा जिनमें राइट टू प्रोटेस्ट यानी प्रदर्शन के अधिकार को लेकर दिशा-निर्देश की मांग के साथ अन्य निर्देशों की मांग की गई थी। ये याचिकाएं नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली के शाहीन बाग में हुए प्रदर्शन को लेकर दायर की गई थीं।