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SC: दिल्ली के एलजी को सुप्रीम कोर्ट से झटका, एनजीटी के आदेश पर लगी रोक, नहीं बन सकेंगे इस समिति के अध्यक्ष

Tue, 11 Jul 2023 07:12 PM IST
कुमार विवेक न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को NGT के उस आदेश पर रोक लगा दी, जिसमें दिल्ली के LG विनय कुमार सक्सेना को यमुना कायाकल्प परियोजना पर एक उच्च स्तरीय समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था।
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सुप्रीम कोर्ट - फोटो : ANI
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विस्तार
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दिल्ली के उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना को सुप्रीम कोर्ट से झटका लगा है। दरअसल, उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को राष्ट्रीय हरित न्यायाधिकरण (NGT) के उस आदेश पर रोक लगा दी, जिसमें उपराज्यपाल को यमुना कायाकल्प परियोजना के लिए बनाई गई उच्चस्तरीय समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। मामले में मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति पीएस नरसिम्हा और न्यायमूर्ति मनोज मिश्रा की पीठ सुनवाई कर रही है। पीठ ने एनजीटी के 9 जनवरी 2023 के आदेश को चुनौती देने वाली दिल्ली सरकार की याचिका पर नोटिस भी जारी किया है। अपनी याचिका में दिल्ली सरकार ने कहा था कि उपराज्यपाल की समिति के अध्यक्ष के रूप में नियुक्ति संवैधानिक योजना का उल्लंघन है।

जनवरी में गठित की गई थी समिति

बता दें कि इस साल जनवरी में एनजीटी ने यमुना में हो रहे प्रदूषण के समाधान के लिए समिति का गठन किया था। हालांकि, दिल्ली सरकार ने एनजीटी के आदेश के माध्यम से एलजी को दी गई कार्यकारी शक्तियों पर कड़ी आपत्ति जताई।

मुख्यमंत्री को करनी चाहिए निगरानी

सरकार का कहना है कि एनजीटी के आदेश के माध्यम से एलजी को दी गई शक्तियां सरकार के कार्यक्षेत्र में दखलअंदाजी करने की इजाजत देती है। दिल्ली सरकार ने कहा कि यमुना नदी में प्रदूषण के मुद्दे की निगरानी मुख्यमंत्री की ओर से की जानी चाहिए।

अश्वनी यादव की याचिका पर एनजीटी ने दिया था आदेश

गौरतलब है कि एनजीटी का यह आदेश अश्वनी यादव द्वारा दायर एक याचिका पर आया था। इस याचिका में यमुना नदी में बढ़ते प्रदूषण और उपचारात्मक उपाय करने में अधिकारियों की विफलता को उजागर किया गया था।

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