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Disqualification: जेडीएस सांसद प्रज्ज्वल को सुप्रीम कोर्ट से राहत, निर्वाचन को अमान्य करार देने के आदेश पर रोक

Tue, 19 Sep 2023 01:43 AM IST
गुलाम अहमद न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

कर्नाटक हाईकोर्ट ने एक सितंबर को प्रज्ज्वल रेवन्ना के निर्वाचन को अमान्य और शून्य घोषित कर दिया था। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि रेवन्ना ने 2019 के लोकसभा चुनाव में चुनाव आयोग में गलत हलफनामा दायर किया था। रेवन्ना पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के पोते हैं
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JDS MP Prajwal Revanna - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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सुप्रीम कोर्ट ने जनता दल-सेक्यूलर (जेडीएस) के सांसद प्रज्ज्वल रेवन्ना की लोकसभा सदस्यता अमान्य करार देने के कर्नाटक हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी है। पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा के पोते रेवन्ना 2019 के आम चुनाव में कर्नाटक की हासन लोकसभा सीट से जेडीएस और कांग्रेस के संयुक्त प्रत्याशी के तौर पर विजयी हुए थे।

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मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली तीन न्यायाधीशों की पीठ ने सोमवार को कर्नाटक हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगाई। एक सितंबर को हाईकोर्ट ने रेवन्ना के निर्वाचन को अमान्य और शून्य घोषित कर दिया था। हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि रेवन्ना ने 2019 के लोकसभा चुनाव में चुनाव आयोग में गलत हलफनामा दायर किया था। इसके बाद रेवन्ना ने हाईकोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी।
 
प्रज्वल रेवन्ना पर आरोप है कि उन्होंने अपनी संपत्तियों के वास्तविक मूल्य को छिपाकर अपने चुनावी हलफनामे में चुनाव आयोग को गलत जानकारी प्रदान की थी। पराजित भाजपा उम्मीदवार ए मंजू और वकील देवराजगौड़ा ने दो अलग-अलग याचिकाओं में उनके निर्वाचन को चुनौती दी थी। मंजू ने भाजपा टिकट पर रेवन्ना के खिलाफ लोकसभा चुनाव लड़ा था और हार गए थे। बाद में वह जद-एस में शामिल हो गए और अभी विधायक हैं।

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