फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रोहिंग्या मुसलमानों को देश में एंट्री देने को नहीं कह सकता सुप्रीम कोर्ट: केंद्र सरकार

Fri, 16 Mar 2018 08:56 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
विज्ञापन

केंद्र सरकार ने शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट से कहा कि वह रोहिंग्या मुसलमानों को म्यांमार से भारत में आने की इजाजत देने का निर्देश नहीं दे सकता है। सरकार ने कहा कि जिन लोगों के पास वैध यात्रा दस्तावेज होंगे, उन्हें ही प्रवेश की मंजूरी दी जाएगी और यही राष्ट्र हित में भी है।

विज्ञापन

 
गृह मंत्रालय ने यह हलफनामा उन आरोपों पर कोर्ट में दिया, जिसमें कहा गया था कि भारत-म्यांमार सीमा पर सुरक्षा बल रोहिंग्या मुसलमानों को जबरदस्ती वापस खदेड़ रहे हैं और इसके लिए मिर्च स्प्रे का इस्तेमाल कर रहे हैं। 

सरकार ने इन आरोपों को भी खारिज किया। हलफनामे में कहा गया है कि देश घुसपैठियों की समस्या से जूझ रहा है। देश में आतंकवाद के फैलने का भी यह एक वजह है। 
विज्ञापन


आतंकवाद के चलते सैकड़ों निर्दोष लोगों और सुरक्षाकर्मियों की जान गई है। ऐसे में देश की सीमा को सुरक्षित बनाए रखना नितांत आवश्यक है। ऐसे में कोर्ट को न तो केंद्र और न ही राज्यों को इस संदर्भ में कोई निर्देश देना चाहिए।  

पहचान पत्र जारी करने से इनकार
रोहिंग्या मुसलमानों को पहचान पत्र देने की मांग पर मंत्रालय ने हलफनामे में कहा कि यह नीति से जुड़ा मामला है। इसके साथ ही उसने शरणार्थियों को पहचान पत्र जारी करने से इनकार कर दिया। उसने यह भी कहा कि रोहिंग्या मुसलमानों और श्रीलंकाई तमिल शरणार्थियों में अंतर है। भारत और श्रीलंका के बीच हुए द्विपक्षीय संधियों के तहत तमिल शरणार्थियों को देश में प्रवेश की इजाजत मिली हुई है।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें