दिल्ली हाईकोर्ट ने सीबीएसई, दिल्ली पुलिस और मानव संसाधन मंत्रालय को नोटिस जारी किया है। दायर याचिका में कहा गया है कि 10वीं का पेपर पहले करवाया जाए और कोर्ट पेपर लीक की जांच पर नजर बनाए रखे। मामले की अगली सुनवाई 16 अप्रैल को होगी। बता दें कि केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की बोर्ड परीक्षा से पहले लीक हुए पेपर मामले में सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई है।
कोर्ट इन याचिकाओं पर सुनवाई करने के लिए तैयार हैं और आज दिल्ली हाईकोर्ट में इस मामले पर सुनवाई भी हुई। हाईकोर्ट में दायर याचिका में जहां पूरी जांच को अपनी देख-रेख में कराने की अपील की गई है तो वहीं सुप्रील कोर्ट से अपील की गई है कि वह जांच पूरी होने तक लीक हुए पेपर की दोबारा परीक्षा होने पर रोक लगा दे। सुप्रीम कोर्ट 4 अप्रैल को याचिका पर सुनवाई करेगा।
सुप्रीम कोर्ट में 10वीं के गणित और 12वीं के अर्थशास्त्र विषय की दोबारा परीक्षा कराए जाने के खिलाफ 3 याचिकाएं दायर की गई हैं। इस मामले में दिल्ली पुलिस अब तक दो एफआईआर दर्ज कर चुकी है। 12वीं कक्षा के अर्थशास्त्र के पेपर को लीक करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। जिसमें दो प्राइवेट स्कूल के शिक्षक और एक ट्यूटर शामिल हैं।
पुलिस के मुताबिक बाहरी दिल्ली के मदर खजानी कॉन्वेंट स्कूल से पेपर लीक हुआ था। आरोपियों ने परीक्षा शुरू होने से करीब 45 मिनट पहले अर्थशास्त्र के पेपर को व्हाट्स ऐप पर लीक कर दिया था। मामले में स्कूल के दो शिक्षक झज्जर, हरियाणा निवासी रोहित (26) व हस्तसाल, बवाना निवासी ऋषभ (29) और कोचिंग सेंटर के ट्यूटर तौकीर (28) को गिरफ्तार किया गया है। माना जा रहा है कि पुलिस इस मामले में जल्द ही कुछ और लोगों को गिरफ्तार कर सकती है।