केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी सुपरसोनिक ट्रेन 'हाइपरलूप' के पुणे में ट्रायल कराने के प्रयास में लगे हैं। ये ट्रेन विमान की गति से भी तेज करीब 1,120 किलोमीटर प्रति घंटा की स्पीड से चल सकती है। इस ट्रेन को हाइपरलूप ट्यूब के भीतर कम दबाव वाले क्षेत्र में भी चलाया जा सकता है।
ट्रेन का ट्रायल अमेरिकी हाईटेक बिलिनेयर ऐलन मस्क की कंपनी SpaceX कर रही है। इसका 'हाइपरलूप' नाम भी मस्क ने ही रखा है। बताया जा रहा है कि यह हाईस्पीड ट्रेन पिछली सभी ट्रेनों की स्पीड का रिकॉर्ड तोड़ सकती है।
हाईटेक इनोवेशन का ग्लोबल हब माने जाने वाले अमेरिकन वेस्ट कोस्ट की यात्रा से लौटे नितिन गडकरी ने कहा कि उन्होंने 'टेस्ला' के के अधिकारियों के साथ अच्छा समय बिताया। 'टेस्ला' के संस्थापक ऐलन मस्क ही हैं। इस दौरान उन्होंने उनके द्वारा भविष्य में बनाई गई योजनाएं के बारे में जानकारी हुई।
उन्होंने बताया कि 'हाइपरलूप' का आइडिया सबसे पहले साल 2013 में सामने आया था। नागपुर से मुंबई की दूरी यह सिर्फ 35 मिनट में तय कर सकती है।