भाजपा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने मंगलवार को उद्योगपति गौतम अडानी पर निशाना साधते हुए उन पर आरोप लगाया कि वह
एनपीए के सबसे बड़े बकाएदार हैं। स्वामी ने अडानी की जवाबदेही तय करने की मांग की।
स्वामी ने ट्वीट किया, सरकारी क्षेत्र में एनपीए के सबसे बड़े कलाकार गौतम अडानी हैं। यह वक्त उन्हें जवाबदेह बनाने का है। अगर ऐसा नहीं हुआ तो वे अडानी के खिलाफ जनहित याचिका दायर करेंगे। स्वामी ने कहा, कई ऐसी चीजें हैं, जिनसे अडानी दूर भाग रहे हैं। कोई उनसे सवाल भी नहीं पूछ रहा है। अडानी अपनी सरकार के करीबी होने की छवि बना रहे हैं। इसलिए वह सरकार के लिए शर्मिंदगी का कारण बन सकते हैं। स्वामी ने कहा, सरकार को अडानी की कंपनी और एनपीए से संबंधित मुकदमों की स्टेट्स रिपोर्ट मंगानी चाहिए। वहीं कोयला आयात और ऑस्ट्रेलिया में बिजनेस संबंधित विवादों पर भी रिपोर्ट मंगानी चाहिए।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए अडानी समूह ने बयान जारी कर कहा, कंपनी कम से कम समय में किफायती लागत पर दुनिया भर में विश्वस्तरीय इंफ्रा प्रोजेक्ट को पूरा करती है। बयान में कहा गया, पूंजी के लिए कर्ज पूंजी की भी जरूरत होती है। कंपनी के ट्रैक रिकार्ड को देखते हुए उनके पास कर्ज के कई साधन हैं। इसमें अंतरराष्ट्रीय बांड, घरेलू बांड, ईसीबी लोन और सरकारी व निजी बैंकों के कर्ज शामिल हैं। कर्ज का एक ही मानक है, समय से उसे चुकाते रहना। कंपनी से शुरुआत से चतुराई के साथ इसे लागू किया है।