कांग्रेस अध्यक्षा सोनिया गांधी राष्ट्रपति चुनाव को लेकर किस कदर गंभीर हैं इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि वह अस्पताल से भी इस पर नजर रखे हुए हैं। बीमार होने के बावजूद भी कांग्रेस अध्यक्षा अस्पताल से ही सारे मामले पर नजर बनाए हुए हैं और मोबाइल से ही पल पल की अपडेट ले रही हैं।
एनडीटीवी की खबर के मुताबिक राष्ट्रपति चुनाव के लिए सोनिया ममता बनर्जी और अन्य विपक्षी नेताओं से समर्थन पर लगातार बातचीत कर रही हैं। राष्ट्रपति चुनाव के लिए कांग्रेस अध्यक्षा विपक्ष के मिशन का नेतृत्व कर रही हैं। ऐसे में इन चुनावों में वह किसी तरह की कोताही नहीं बरतना चाहतीं, इसलिए बीमारी के कारण अस्तपाल में भर्ती होने के बावजूद वह इस मुद्दे पर लगातार अन्य नेताओं से सलाह मशविरा कर रही हैं।
बता दें कि फूड प्वाइजनिंग के कारण सोनिया गांधी को दो दिन पहले दिल्ली के सर गंगाराम अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इसके बाद सोमवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को दिल्ली में बैठक करने के लिए बुलाया।
इससे पूर्व सोनिया गांधी पहले ही बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार जैसे दिग्गजों से मिलकर समर्थन मांग चुकी हैं। पार्टी उपाध्यक्ष गांधी भी इस मुद्दे पर सीताराम येचुरी और अखिलेश यादव से समर्थन की मांग कर चुके हैं।
गौरतलब है कि सोनिय गांधी अप्रैल में संयुक्त राज्य अमेरिका से लौटीं हैं। जानकारी के अनुसार उन्होंने वहां कई साल की बीमारी के लिए एक चिकित्सा जांच कराई है। हालांकि इसके बारे में न तो उनकी पार्टी और न ही उनके परिवार के सदस्यों की ओर से कुछ बताया गया। शुरुआती समय के बाद वह उत्तर प्रदेश में चुनाव ज्यादा सक्रिय नहीं थी, उन्होंने पार्टी की रणनीतियों को चलाने के लिए अपने बेटे और बेटी प्रियंका गांधी वाड्रा को आगे किया था। कांग्रेस ने राजनीतिक रूप से बेशकीमती राज्य यूपी विधानसभा चुनाव में गठबंधन के बाद भी सबसे खराब प्रदर्शन किया।
वहीं राज्यविधानसभा के संपन्न चुनावों की तरह भाजपा आलाकमान के हौसले राष्ट्रपति चुनाव के लिए भी सातवें आसमान पर हैं। भाजपा नेतृत्व को उम्मीद है कि आसानी से उसका उम्मीदवार राष्ट्रपति का चुनाव जीत जाएगा। यही वजह है कि पार्टी नेतृत्व विपक्ष की ज्यादा मानमनौवल करने के मूड में नहीं है। पार्टी के एक शीर्ष नेता का कहना है कि स्थितियों का सम्मान सबको करना चाहिए। यदि विपक्ष हमारी स्थिति का सम्मान करता है तो ठीक वरना चुनाव का सामना करेंगे।