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North East: असम में सामान्य हो रहे हालात, घटने लगा नदियों का जलस्तर, सिक्किम में 'राहत' लेकर पहुंचा हेलीकॉप्टर

Sat, 07 Jun 2025 12:49 PM IST
बशु जैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गुवाहाटी/गंगटोक

सार

पूर्वोत्तर राज्यों में मानसूनी बारिश ने कहर बरपाया है। बारिश, बाढ़ और भूस्खलन से 19 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि सात लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं। अब असम में हालात सुधर रहे हैं। बारिश कम होने के बाद यहां पर नदियों का जलस्तर घट रहा है। 
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असम में बाढ़ और सिक्किम पहुंचा हेलीकॉप्टर। - फोटो : ANI/PTI
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विस्तार
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मानसूनी बारिश का कहर झेल रहे पूर्वोत्तर राज्यों में अब हालात सामान्य हो रहे हैं। बाढ़ की विभीषिका का सामना कर रहे असम में भी अब स्थिति सुधर रही है। खतरे के निशान को पार चुकी ब्रह्मपुत्र समेत तमाम नदियों का जलस्तर भी अब घटने लगा है। तमाम जिलों में बारिश कम हो गई है। वहीं भूस्खलन प्रभावित सिक्किम के चट्टन में सेना का हेलीकॉप्टर 1300 किलो राहत सामग्री लेकर पहुंचा।
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पूर्वोत्तर राज्यों में मानसूनी बारिश ने कहर बरपाया है। बारिश, बाढ़ और भूस्खलन से 19 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि सात लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हुए हैं। असम की बात करें तो यहां अब हालात सुधर रहे हैं। बारिश कम होने से ब्रह्मपुत्र समेत प्रमुख नदियों का जलस्तर घटने लगा है। हालांकि, राज्य के 18 जिलों में चार लाख से अधिक लोग अब भी बाढ़ से प्रभावित हैं। 

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अधिकारियों ने बताया कि ब्रह्मपुत्र धुबरी में, कोपिली धरमतुल में, बराक नदी हैलाकांडी के काटाखल में और कुशियारा श्रीभूमि में खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। यहां कामरूप (मेट्रो) जिले में एक व्यक्ति लापता हो गयाहै। वहीं गुवाहाटी के रूपनगर इलाके में शनिवार सुबह भूस्खलन हुआ और एक व्यक्ति के लापता होने की खबर है।

1296 गांव हुए प्रभावित 
अफसरों ने बताया कि प्रदेश में बाढ़ से 18 जिलों के 54 राजस्व सर्किलों के 1296 गांव प्रभावित हुए हैं। वहीं 16,558.59 हेक्टेयर कृषि भूमि जलमग्न है।इसके अलावा 2,96,765 पशु प्रभावित हैं।  वहीं 40,313 से अधिक विस्थापित लोग 328 राहत शिविरों में हैं। जबकि 1,19,001 प्रभावित लोगों को प्रभावित जिलों में स्थापित वितरण केंद्रों पर राहत प्रदान की गई है।

बराक घाटी पहुंचे हिमंत बिस्व सरमा
मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा दूसरी बार बराक घाटी पहुंचे। उन्होंने लोगों को समय पर पुनर्वास अनुदान देने का आश्वासन दिया। सीएम ने कहा कि दुर्गा पूजा उत्सव से पहले सड़कों के क्षतिग्रस्त बुनियादी ढांचे की मरम्मत कर दी जाएगी।

काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में भी भरा पानी
ब्रह्मपुत्र के बाढ़ का पानी काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में भी भर गया है। जबकि पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य का 70 प्रतिशत हिस्सा ब्रह्मपुत्र और कोपिली नदियों के पानी से प्रभावित है। बाढ़ के कारण एक सींग वाले गैंडे सहित अन्य वन्य जीवों को आश्रय के लिए ऊंचे स्थानों पर जाने के लिए मजबूर होना पड़ा है। अफसरों ने बताया कि वन कर्मी स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहे हैं और वन्यजीवों पर बाढ़ के प्रभाव को न्यूनतम करने के प्रयास किए जा रहे हैं।

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1300 किलो राहत सामग्री लेकर हेलीकॉप्टर भूस्खलन प्रभावित चट्टन पहुंचा
पाकयोंग हवाई अड्डे से उत्तरी सिक्किम के भूस्खलन प्रभावित चट्टन में सैन्यकर्मियों और नागरिकों के लिए 1,300 किलोग्राम राहत सामग्री लेकर एक हेलीकॉप्टर पहुंचा। एमआई-17 हेलीकॉप्टर खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के पांच अधिकारियों को लेकर सुबह हवाई अड्डे से रवाना हुआ और वहां से कुछ सैन्यकर्मियों को लेकर वापस लौटेगा। उत्तरी सिक्किम में सड़क संपर्क बाधित होने के बाद चट्टन में फंसे 140 से अधिक पर्यटकों को बचाने के लिए कई हेलीकॉप्टरों को तैनात किया गया है।

76 जवानों को हवाई मार्ग से निकाला गया
उत्तरी सिक्किम के भूस्खलन प्रभावित चट्टन से 76 सैन्यकर्मियों को शनिवार को हवाई मार्ग से निकाला गया। यहां भारी बारिश के चलते हुए भूस्खलन से सड़क संपर्क टूट गया है। एक अधिकारी ने कहा कि कुल 76 सैन्यकर्मियों को तीन एमआई-17 हेलीकॉप्टरों के जरिए निकाला गया। चट्टन से हवाई निकासी अभियान आज समाप्त हो गया। हेलीकॉप्टरों ने सैन्यकर्मियों को चट्टन से पाकयोंग ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे तक पहुंचाया। राज्य सरकार समग्र स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है तथा आपदा प्रभावित क्षेत्र में सभी आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने तथा प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित लोगों को सहायता प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।


 
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