पश्चिम बंगाल सरकार ने करीब 100 स्कूलों के खिलाफ कारण बताओं नोटिस जारी किया है। इन स्कूलों पर धार्मिक असहिष्णुता फैलाने का आरोप है। ये स्कूल बच्चों को धार्मिक जानकारियां क्लास में पढ़ाकर दे रहे थे। मीडिया की खबरों के मुताबिक इनमें अधिकतर ऐसे स्कूल हैं जिनके पास सरकार की ओर से जारी सर्टिफिकेट ही नहीं है।
स्कूलों के खिलाफ नोटिस की जानकारी खुद बंगाल के शिक्षा मंत्री पार्थ चटर्जी ने दी। चटर्जी ने कहा कि अगर धार्मिक असहिष्णुता फैलाने का दोष इन स्कूलों के खिलाफ साबित होता है तो ये सभी बंद कर दिए जाएंगे।
सतारुढ़ तृणमूल कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि जिस प्राइवेट ट्रस्ट के द्वारा ये स्कूल चल रहे हैं वो आरएसएस से जुड़े हैं। चटर्जी ने ये भी बताया कि ये स्कूल अलग-अलग बोर्ड्स से संबंध रखते हैं और फिर राज्य से एनओसी ले लेते है, जिसकी वजह से इन पर शिकंजा कसना मुश्किल हो जाता है।