शिवसेना ने मंगलवार को एक बार फिर 'लव जिहाद' पर अपनी राय रखी है। पार्टी ने कहा कि 'लव जिहाद' को पहले कानूनी रूप से परिभाषित करने की जरूरत है। पार्टी ने आगे कहा कि भाजपा नेताओं को इस भ्रम से बाहर आना चाहिए कि वे इस मुद्दे के जरिए महाराष्ट्र सरकार को परेशान करेंगे।
वहीं मुखपत्र सामना में महाराष्ट्र में बनी अल्पकालिक भाजपा और एनसीपी सरकार का जिक्र करते हुए कहा गया कि राज भवन में सुबह में आयोजित एक समारोह में देवेंद्र फडणवीस और अजित पवार ने मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी वह एक 'लव जिहाद' था। वह सरकार अपने गठन के 80 घंटों के भीतर ध्वस्त हो गई। बाद में, शिवसेना, राकांपा और कांग्रेस ने एक साथ मिलकर सरकार बनाई।
बिना किसी का नाम लिए संपादकीय में कहा गया है कि भाजपा के गृह राज्य मंत्री ने इस साल की शुरुआत में संसद में कहा था कि 'लव जिहाद’ की अवधारणा का कानून में कोई स्थान नहीं है और किसी भी जांच एजेंसी द्वारा अब तक इसके खिलाफ कोई मामला दर्ज नहीं किया गया है। इसलिए लव जिहाद की कानूनी परिभाषा को पहले तय करने की आवश्यकता है।