नोटबंदी को लेकर शिवसेना ने एक बार फिर भाजपा पर तीखा हमला बोला है। शिवसेना ने कहा कि नोटबंदी की चौथी सालगिरह मनाना उन लोगों की शवों पर केक काटने के समान है जो इसकी वजह से ‘बर्बाद’ हुए। कइयों ने ‘आत्महत्या’ तक कर ली थी और कारोबार एवं उद्योग तबाह हो गए थे।
शिवसेना ने फिर भाजपा पर बोला हमला
शिवसेना ने अपने मुखपत्र सामना में ‘नोटबंदी का क्या हुआ’ शीर्षक के तहत प्रकाशित संपादकीय में वर्ष 2016 के नोटबंदी के फैसले को भारत के इतिहास का काला अध्याय करार दिया। शिवसेना ने दावा किया कि नोटबंदी और वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) को लागू करने से देश के हितों को नुकसान हुआ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आठ नवंबर 2016 को 500 और 1000 रुपये मूल्य के पुराने नोटों को बंद करने के फैसला किया था। इसकी चौथी सालगिरह पर पीएम मोदी ने कहा था कि इससे काला धन कम करने और पारदर्शिता लाने में मदद मिली।