महाराष्ट्र में इन दिनों नया सियासी बवाल मच रहा है। शिवसेना यूबीटी पर दिवंगत शिवसेना प्रमुख बाला साहेब ठाकरे की एआई आवाज बनाने का आरोप लगाते हुए डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने निशाना साधा है। तो वहीं संजय राउत ने उन पर पलटवार किया है, जबकि भाजपा ने इसे शिवसेना यूबीटी का बचकाना स्टंट करार दिया है।
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने गुरुवार को विपक्षी दल शिवसेना (यूबीटी) पर करारा हमला बोला है। उन्होंने कहा यूबीटी ने एआई तकनीक का इस्तेमाल कर दिवंगत शिवसेना प्रमुख बाला साहेब ठाकरे की आवाज को फिर से बना करके उनका अपमान किया है। पत्रकारों से बातचीत के दौरान एकनाथ शिंदे ने कहा कि कोई भी शिवसेना (यूबीटी) के साथ नहीं रहेगा, क्योंकि उद्धव ठाकरे ने अपने पिता के आदर्शों के साथ 'विश्वासघात' किया है।
'हमने शिवसेना को कांग्रेस के चंगुल से मुक्त कराया'
उन्होंने कहा, 'हमने शिवसेना को कांग्रेस के चंगुल से मुक्त कराया। वे (उद्धव ठाकरे और उनकी पार्टी) न केवल सत्ता से बेदखल हुए, बल्कि लोगों के दिमाग से भी बेदखल हुए। अगर उनमें थोड़ी भी शर्म बची है, तो उन्हें इस तरह की बचकानी हरकतें नहीं करनी चाहिए और बालासाहेब का अपमान नहीं करना चाहिए। ऐसा व्यवहार न करें जिससे बालासाहेब को ठेस पहुंचे।' बता दें कि, एकनाथ शिंदे ने साल 2022 में उद्धव ठाकरे के नेतृत्व के खिलाफ बगावत की और पार्टी को विभाजित कर दिया।
संजय राउत ने एकनाथ शिंदे पर किया पलटवार
वहीं एकनाथ शिंदे के कटाक्ष का पलटवार करते हुए शिवसेना (यूबीटी) के सांसद संजय राउत ने कहा कि जिन लोगों ने शिवसेना संस्थापक के नाम का इस्तेमाल करके 'नकली शिवसेना' बनाई है, उन्हें इस मुद्दे पर टिप्पणी नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि पिछले महीने भी पार्टी के एक कार्यक्रम में बाल साहेब ठाकरे की आवाज बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक का इस्तेमाल किया गया था और इसमें कुछ भी नया नहीं था।
चंद्रशेखर बावनकुले ने बताया बचकाना स्टंट
बुधवार को उत्तर महाराष्ट्र के नासिक में शिवसेना (यूबीटी) की एक सभा में बाल साहेब ठाकरे जैसी आवाज में 13 मिनट का भाषण सुनाया गया। इसमें दिवंगत पार्टी संस्थापक की खास लाइनें भी थीं। वहीं महाराष्ट्र भाजपा प्रमुख चंद्रशेखर बावनकुले ने बुधवार को एक्स पर एक पोस्ट में इसे बचकाना स्टंट बताया।