थरूर ने हाल ही में यह बयान भी दिया था कि अगर लोकसभा में उन्हें कांग्रेस का नेतृत्व दिया जाता है, तो वे इसे लेने के लिए तैयार हैं। हालांकि निर्णय पार्टी को लेना है। जो बड़े नेता हार चुके हैं, उनके बाद पार्टी को आगे बढ़ाने की अधिक जिम्मेदारी उन पर है जो संसद में बचे रह गए हैं।
कांग्रेस ही भाजपा का विश्वसनीय विकल्प
थरूर ने यह भी कहा कि इस समय केवल कांग्रेस ही भाजपा का विश्वसनीय विकल्प है। इस संदेश को नागरिकों तक ले जाया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि ऐसा राहुल गांधी के नेतृत्व में किया जाएगा। नेहरू-गांधी परिवार ने आजादी के बाद पार्टी को आकार और मार्गदर्शन देने में बड़ा योगदान दिया है। इसके चलते उन्हें पार्टी में गहरा सम्मान और ताकत प्राप्त है। वे अब भी पार्टी को काफी योगदान दे सकते हैं।
बुद्धिजीवी योगेंद्र यादव के ‘कांग्रेस को मर जाना चाहिए’ वाले बयान पर थरूर ने कहा कि कांग्रेस जिस दृष्टिकोण और मुद्दों पर खड़ी है, वह देश का भविष्य हैं। मतदाताओं ने कांग्रेस को वोट के लिए क्यों नहीं चुना, इसके लिए पार्टी को समझना होगा कि इसमें उनके कौन से आर्थिक व निजी हित थे।
थरूर ने कहा कि निश्चित रूप से धार्मिक ध्रुवीकरण एक बड़ी वजह है, लेकिन यही एक वजह नहीं है। मोदी की छवि ने कुछ मतदाताओं को प्रभावित किया है। वे मानते हैं कि मोदी ही उन्हें दुश्मनों से बचा सकते हैं।