बुधवार से सावनी कांवड़ यात्रा का श्रीगणेश होगा। इसके लिए भक्तों में विशेष उत्साह है। कांवड़ यात्रा शांतिपूर्ण संपन्न कराने के लिए सुरक्षा व्यवस्था के कड़े बंदोबस्त किए गए हैं। शिवालयों से लेकर संवेदनशील स्थानों पर पुलिस का पहरा बैठा दिया गया है। बड़ी संख्या में पुलिसकर्मी वर्दी और सादे कपड़ों में मुस्तैद रहेंगे।
साथ ही सीसी टीवी कैमरे से सुरक्षा की निगरानी की जाएगी। जिले में 69 स्थानों पर पुलिस पिकेट को सुरक्षा में मुस्तैद किया है। कांवड़ शिविर में शिवभक्तों के लिए बनने वाले भोजन पर एफडीए द्वारा नजर रखी जाएगी। उधर, शिवभक्तों ने हरिद्वार, ब्रजघाट से कांवड़ लाने की तैयारी कर ली है।
सावन माह बुधवार से प्रारंभ हो रहा है। सावन माह में सोमवार के दिन भगवान शिव शंकर की पूजा अर्चना और जलाभिषेक करने से विशेष फल की प्राप्ति होती है। ऐसा माना जाता है। सावन कांवड़ यात्रा आज से प्रारंभ हो रही है। भगवान शिव शंकर के जयकारे सुनाई देंगे। बोल बम और हरहर महादेव के जयकारों से शहर और क्षेत्र का वातावरण शिवमय हो जाएगा।
शिवभक्तों के जत्थों का हरिद्वार और नीलकंठ, गौमुख, ऋषिकेश आदि गंगा घाटों की ओर प्रस्थान करना शुरू हो जाएंगे। 25 जुलाई को सावन का पहला सोमवार है। काफी संख्या में शिवभक्त गंगा जल से भगवान आशुतोष का जलाभिषेक करेंगे। एक अगस्त को शिवरात्रि का पर्व जिलेभर में हर्षोल्लास से मनाया जाएगा। भगवान भोले बाबा का जलाभिषेक होगा। सावन के चलते शिवालयों की विशेष साफ-सफाई, रंगाई पुताई आदि कराई जा रही है। शहर के वासुदेव तीर्थ स्थल पर काफी संख्या में क्षेत्र और दूर दराज के श्रद्घालु जलाभिषेक करेंगे।