रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा, "मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेज (एमडीएल) में बनाए जा रहे प्रोजेक्ट 15बी स्टील्थ गाइडेड मिसाइल डेस्ट्रॉयर के दूसरे जहाज वाई-12705 (मोरमुगाओ) को 24 नवंबर को भारतीय नौसेना को सौंप दिया गया।"
मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स में बनाए जा रहे प्रोजेक्ट 15बी स्टील्थ गाइडेड मिसाइल डेस्ट्रॉयर के दूसरे जहाज को नौसेना को सौंपा गया। रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को यह जानकारी दी। प्रोजेक्ट 15 बी के चार जहाजों के लिए कॉन्ट्रैक्ट पर 28 जनवरी, 2011 को हस्ताक्षर किए गए थे।
विज्ञापन
रक्षा मंत्रालय ने एक बयान में कहा, "मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेज (एमडीएल) में बनाए जा रहे प्रोजेक्ट 15बी स्टील्थ गाइडेड मिसाइल डेस्ट्रॉयर के दूसरे जहाज वाई-12705 (मोरमुगाओ) को 24 नवंबर को भारतीय नौसेना को सौंप दिया गया।"
यह प्रोजेक्ट (15बी) एक दशक पहले कमीशन किए गए कोलकाता क्लास डेस्ट्रॉयर (प्रोजेक्ट 15ए) का फॉलो-ऑन है। प्रोजेक्ट का प्रमुख जहाज आईएएनएस विशाखापत्तनम पहले ही 21 नवंबर 2021 को भारतीय नौसेना में शामिल किया जा चुका है।
विज्ञापन
इसे भारतीय नौसेना के इन-हाउस ससंठन वारशिप डिजाइन ब्यूरो द्वारा डिजाइन किया गया। प्रोजेक्ट के चार जहाजों का नामकरण देश चारों कोनों के प्रमुख शहरों विशाखापत्तनम, मोरमुगाओ, इंफाल सूरत के नाम पर किया गया है। मोरमुगाओ की नींव 2015 में रखी गई ती और जहाज को 17 सितंबर, 2016 को लॉन्च किया गया था।