सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को वीवीपैट मशीनों से निकलने वाली पर्ची की गणना पर रिटर्निंग अधिकारी के निर्णय पर अभी से कोई आदेश देने से इनकार कर दिया। गुजरात चुनाव को लेकर दाखिल याचिका में रिटर्निंग अधिकारी के अधिकार को सीमित करने की मांग की गई थी।
कोर्ट ने कहा कि मामले में कोई अग्रिम फैसला नहीं दिया जा सकता है और चुनाव के परिणाम को लेकर विवाद होने पर चुनाव याचिका के जरिए चुनौती दी जा सकती है। मुख्य न्यायाधीश जस्टिस दीपक मिश्रा की पीठ ने गुजरात जनचेतना पार्टी के अध्यक्ष की याचिका को खारिज कर दिया। पीठ में जस्टिस एएम खानविलकर और जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ भी शामिल हैं।
याचिकाकर्ता के वकील देवदत्त कामत ने चुनाव नियमावली 56(डी)(2) का विरोध किया जिसमें रिटर्निंग अधिकारी को वीवीपैट से निकलने वाली पर्ची की गणना से इनकार करने का अधिकार दिया गया है।
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