RSS: सुनील आंबेकर प्रेस वार्ता करते हुए।
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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने देश और समाज में बड़े बदलाव करने के लिए पांच बड़े कार्यक्रम बनाने की घोषणा की है। इस पांच परिवर्तन के अंतर्गत सामाजिक समरसता, कुटुम्ब प्रबोधन, पर्यावरण, ‘स्व’ आधारित व्यवस्था का आग्रह और नागरिक कर्तव्य का समावेश रहेगा। आरएसएस इसके माध्यम से समाज में बड़ा परिवर्तन लाने का काम करेगी। शताब्दी वर्ष में संघ ने देश में एक लाख शाखाएं बनाने का लक्ष्य रखा है। राम मंदिर पर आरएसएस की नागपुर में हो रही तीन दिवसीय बड़ी बैठक में विचार किया जाएगा और एक प्रस्ताव पारित कर धन्यवाद दिया जायेगा।
आरएसएस नेता सुनील आंबेकर ने कहा है कि यह प्रतिनिधि सभा लगभग छह वर्ष बाद नागपुर में हो रही है। इस बैठक में पूरे देश से 1529 प्रतिनिधि अपेक्षित हैं। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ 99 वर्षों से सामाजिक संगठन के रूप में कार्यरत है। अगले वर्ष 2025 में विजयादशमी को संघ की स्थापना के 100 वर्ष पूरे हो जाएंगे। शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में कार्य योजना को लेकर इस बार नागपुर में हो रही अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में विचार-मंथन होगा। 15-17 मार्च तीन दिन तक चलने वाली बैठक में संघ कार्यों और संघ शाखाओं की समीक्षा होगी।