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CISF: सीआईएसएफ के रिटायर्ड कर्मी ले सकेंगे मदिरा, 30 दिन की छुट्टी तो 30 दिन का लीव इनकैशमेंट चाहते हैं जवान

Fri, 12 Dec 2025 08:34 PM IST
हिमांशु चंदेल डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सीआईएसएफ के रिटायर्ड जवान अब सीएलएमएस एप के जरिए किसी भी नजदीकी कैंटीन से मदिरा सुविधा ले सकेंगे। यह सुविधा केरल हाईकोर्ट के आदेश और एसोसिएशन की लगातार मांगों के बाद मिली है। बैठक में छुट्टी बढ़ाने, ‘सीएपीएफ फ्लैग डे फंड’ बनाने और रिटायर्ड जवानों की आर्थिक मदद जैसे कई मुद्दों पर चर्चा हुई।
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सीआईएसएफ मुख्यालय - फोटो : अमर उजाला
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सीआईएसएफ के रिटायर्ड कर्मचारियों को भी अब 'मदिरा' की सुविधा मिलेगी। केंद्रीकृत शराब प्रबंधन प्रणाली (सीएलएमएस) एप के जरिए किसी भी निकटवर्ती कैंटीन से बल के पूर्व कार्मिक इस सुविधा को हासिल कर सकते हैं। सीआईएसएफ मुख्यालय ने अलॉइंस ऑफ ऑल एक्स पैरामिलिट्री फोर्सेस वेलफेयर एसोसिएशन को यह भरोसा दिया है। एसोसिएशन को उम्मीद है कि जल्द ही सीआईएसएफ के सेवारत जवानों को भी छुट्टी जाते वक्त मदिरा सुविधा का लाभ दिया जाएगा। 
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एसोसिएशन के महासचिव रणबीर सिंह के मुताबिक, केरल उच्च न्यायालय ने 21 अक्टूबर को अपने फैसले में मदिरा सुविधा उपलब्ध कराने का फैसला सुनाया था। इसके अलावा अलॉइंस ऑफ ऑल एक्स पैरामिलिट्री फोर्सेस वेलफेयर एसोसिएशन ने भी अनेक अवसरों पर यह मांग उठाई थी। कई बार मांग पत्र सौंपे गए। अदालत ने नोडल एजेंसी आईटीबीपी व सीआरपीएफ महानिदेशालय को पूर्व सीआईएसएफ कर्मियों का डेटा उपलब्ध कराने का आदेश दिया ताकि सीआईएसएफ जवान अपने नजदीकी किसी भी सुरक्षा बल की कैंटीन से मदिरा ले सकें। 

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जवानों के बीच एक सर्वेक्षण कराने की मांग
सीआरपीएफ के पूर्व एडीजी और एसोसिएशन के चेयरमैन एचआर सिंह ने सीआईएसएफ जवानों को 30 दिन के वार्षिक अवकाश की जगह 60 दिनों की सालाना छुट्टी देने का मुद्दा उठाया। उन्होंने सीआईएसएफ मुख्यालय के अफसरों से इस बाबत जवानों के बीच एक सर्वेक्षण कराने की मांग रखी। सर्वे में पूछा जाए कि जवान जवान 30 दिन का वार्षिक अवकाश चाहते हैं या 60 दिन का। इस पर सीआईएसएफ के एडीजी हेडक्वार्टर ने बताया कि यह सर्वे कराया जा चुका है। 

इसमें जवान 30 दिन की छुट्टी के साथ 30 दिन की लीव इनकैशकमेंट चाहते हैं। महासचिव रणबीर सिंह ने कहा, केंद्रीय गृह मंत्री ने जवानों को 100 दिन की छुट्टी देने का वायदा किया था। दूसरी तरफ सीआईएसएफ जवानों को मात्र 30 दिन का ही अवकाश मिलता है।

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257 करोड़ रुपए की मदद देने की घोषणा
उन्होंने जवानों के बीच कराए गए सर्वे की कॉपी उपलब्ध कराने की मांग की। एचआर सिंह ने केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के कल्याण पुनर्वास के लिए अर्धसैनिक झंडा दिवस कोष स्थापित करने की मांग उठाई। इसके जरिए रिटायर्ड जवानों, शहीदों के आश्रितों, गैर पैंशन भोगियों की उपरोक्त कोष से आर्थिक मदद की जा सकती है। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पूर्व सैनिकों, शहीद हुए जवानों के बच्चों की आर्थिक सहायता के लिए सेना झंडा दिवस कोष से हाल ही में 257 करोड़ रुपए की मदद देने की घोषणा की है। 

एसोसिएशन के मुताबिक, अब सवाल उठता है कि गृह मंत्री, सुरक्षा बलों के विभिन्न कार्यक्रमों में झंडे की सलामी लेते हैं तो पैरामिलिट्री परिवारों की आर्थिक मदद के लिए 'सीएपीएफ फ्लेग डे फंड' की स्थापना की जाए। इस मौके पर सीआईएसएफ महानिदेशालय की तरफ से विजय प्रकाश आईपीएस, एडिशनल डीजी हेडक्वार्टर, आईजी एडम प्रतिभा अग्रवाल, डीआईजी रेखा नांबियार के अलावा पूर्व आईजी बीएसएफ विकास चंद्रा, कोषाध्यक्ष वीएस कदम व सीआईएसएफ के रिजक राम मौजूद रहे। 

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