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पूरी रात बिना सोए बैरक में बेचैन होकर टहलता रहा आसाराम, कृष्ण नाम जपने वाला रहा एकदम चुप

Thu, 26 Apr 2018 09:55 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
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नाबालिग से रेप मामले में अंतिम सांस तक की जेल की सजा मिलने के बाद जोधपुर सेंट्रल जेल का कैदी नंबर 130 बन गए आसाराम की पहली रात बहुत मुश्किल में कटी। फैसला सुनने के बाद बुधवार को पूरी रात वह सोया नहीं और अपनी बैरक में इधर-उधर ही टहलता रहा। 

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लगातार भगवान का नाम जपने वाला रहा पूरी तरह चुप
 
जेल सूत्रों के अनुसार, आमतौर पर भगवान का नाम जपने वाला आसाराम बुधवार को सजा सुनने के बाद से ही चुपचाप रहा और परेशान व सुस्त दिखाई दिया। आसाराम इस तरह का अजीब व्यवहार दिखा रहा है, जैसे उसे सजा पर विश्वास नहीं हो रहा है। सोने के बजाय पूरी रात वह अपनी बैरकम में बीच-बीच में दरी पर बैठता और फिर उठकर बेचैनी से टहलने लगता। 

जेल प्रशासन से किया सजा पर यकीन नहीं होने जैसा व्यवहार

इधर, जोधपुर सेंट्रल जेल के बाहर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। जोधपुर शहर में धारा 144 भी 30 अप्रैल तक लागू रहेगी। जेल के रास्तों पर हर आने-जाने वाले व्यक्ति व वाहन पर कड़ी नजर रखी जा रही है। रात को विशेष सतर्कता के भी निर्देश दिए गए हैं।
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साढ़े चार साल में पहली बार जेल का खाना खाया

जेल प्रशासन के अनुसार, सुबह होने से थोड़ी देर पहले वह किसी तरह सोया, लेकिन अन्य कैदियों की तरह नाश्ते के लिए उसे भी उठा दिया गया। उसने 15 मिनट ध्यान-योग किया और जेल का नाश्ता करने से मना कर दिया। लेकिन अन्य कैदियों के समझाने के बाद चाय पी और गुड़ व चने भी खाए। दोपहर को थोड़ी दाल-रोटी भी खाई। देर शाम भी उसने जेल की रसोई का ही थोड़ा खाना खाया। बता दें कि विचाराधीन कैदी होने के कारण सजा से पहले कोर्ट की इजाजत से साढ़े चार साल तक आसाराम के लिए यहां उसके आश्रम से खाना-नाश्ता आता रहा था, जो बृहस्पतिवार सुबह से बंद हो गया।

ये मिल सकता है आसाराम को काम

जेल प्रशासन के अनुसार कोर्ट ने कठोर कारावास की सजा सुनाई है, इस कारण आसाराम को जेल में काम करना पड़ेगा। नियमानुसार, 70 साल से अधिक उम्र के बूढ़े कैदियों से कड़ी मेहनत का काम नहीं कराया जाता है। इस कारण आसाराम को भी पूरे परिसर में पौधों में पानी देने या फिर साफ-सफाई रखने की जिम्मेदारी दी जा सकती है। हालांकि अभी आसाराम को कैदियों की वर्दी नहीं मिली है और न ही काम आवंटित किया गया है। सूत्रों के अनुसार, आसाराम को शुक्रवार को वर्दी मिल जाएगी।
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