प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी गणतंत्र दिवस परेड के दौरान भावुक दिखे। कर्तव्य पथ पर परेड की शुरुआत होने के बाद जैसे ही आसमान में भारतीय सेना के हेलीकॉप्टर और वायुसेना के जवान ने ऑपरेशन सिंदूर को रेखांकित किया, पीएम मोदी आसन छोड़कर खड़े हो गए। प्रधानमंत्री इस मौके पर मुख्य अतिथि उर्सुला वॉन डर लेयेन को विस्तार से समझाते भी दिखे।
गणतंत्र दिवस परेड के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज भावुक दिखे। पीएम मोदी परेड के दौरान ऑपरेशन सिंदूर के जिक्र पर खड़े हो गए। परेड के दौरान आज जैसे ही ऑपरेशन सिंदूर का झंडा लेकर भारतीय सेना के हेलीकॉप्टर कर्तव्य पथ के परेड स्थल के ऊपर से गुजरे, प्रधानमंत्री अपने आसन से खड़े हो गए।
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कर्तव्य पथ पर ऑपरेशन सिंदूर की गूंज
दरअसल, गणतंत्र दिवस पर कर्तव्य पथ पर हो रही सैन्य परेड में भारतीय सेना के ध्रुव हेलीकॉप्टर का दल परेड की शुरुआत में शामिल रहा। हेलीकॉप्टर पर ऑपरेशन सिंदूर का ध्वज था। इतना ही नहीं, भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने ऑपरेशन सिंदूर का फॉर्मेशन बनाकर अपनी ताकत का प्रदर्शन किया।
वैश्विक हस्तियों को भारत की विशेषताओं से अवगत कराया
पीएम मोदी ने देश की सेना के शौर्य और सांस्कृतिक विविधता के बारे में मुख्य अतिथि द्वय- यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन को विस्तार से समझाया। बता दें कि दोनों वैश्विक हस्तियों को भारत के राष्ट्रीय उत्सव का मुख्य अतिथि बनाया गया है।
देश की सांस्कृतिक विरासत के साथ-साथ बारीकियों के बारे में भी बताया
प्रधानमंत्री मोदी समेत अन्य गणमान्य लोगों को भारतीय सेना के विमानों के फ्लाईपास्ट और अन्य मौकों पर कौतूहल से भरे देखा गया। प्रधानमंत्री जहां गर्व की अनुभूति के साथ भारत की मेहमान बनीं उर्सुला वॉन डेर लेयेन और एंटोनियो कोस्टा को उन्होंने विमानों के अलावा देश के सांस्कृतिक पहलुओं के बारे में भी जानकारी दी।
ऑपरेशन सिंदूर की गूंज से आगाज, राफेल की गर्जना के साथ पूर्णाहुति
गौरतलब है कि गणतंत्र दिवस की परेड में भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमानों राफेल ने उड़ान भरी। राफेल लड़ाकू विमानों ने वज्रांग फॉर्मेशन में उड़ान भरी और गगनभेदी गर्जना से आकाश को गुंजायमान कर दिया। जिसे देख-सुनकर दर्शक रोमांचित हो गए। राफेल लड़ाकू विमानों ने गर्व और शौर्य की मिसाल पेश करते हुए कर्तव्य पथ के ऊपर से उड़ान भरी। वायु सेना के फ्लाईपास्ट में 29 विमान शामिल हुए, जिनमें 16 लड़ाकू विमान, चार ट्रांसपोर्ट विमान और नौ हेलीकॉप्टर शामिल हुए।