संसद में शीताकालीन सत्र चल रहा है। लोक लेखा समिति द्वारा बुधवार को लोकसभा में पेश की गई रिपोर्ट के अनुसार 442 पूर्व सांसदों के सरकारी आवास का उपयोग करके बकाया नहीं चुकाने पर जिलाधिकारियों को रिकवरी प्रमाणपत्र जारी किए गए है।
विज्ञापन
रिपोर्ट में कहा गया है कि केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय ने समिति को बताया कि बकाया की वसूली के लिए पूर्व सांसदों के खिलाफ क्षति के भी मामले दर्ज किए गए हैं। वहीं अधीर रंजन चौधरी की अध्यक्षता वाली समिति की रिपोर्ट में कहा गया है कि मंत्रालय ने कहा कि अन्य आवंटियों से बकाया वसूलने के प्रयास किए जा रहे हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, मंत्रालय ने लोक लेखा समिति को बताया कि 31 मार्च, 2013 को ऑडिट द्वारा दिखाए गए कुल बकाया राशि 10.19 करोड़ रुपये के खिलाफ 3.337 करोड़ रुपये की वसूली की गई है। इसमें कहा गया है कि बकाया 6.853 करोड़ रुपये की वसूली के लिए कार्रवाई की गई है।