महाराष्ट्र के जल संरक्षण मंत्री तानाजी सावंत ने गुरुवार को एक अजीबोगरीब बयान दिया है। उनका कहना है कि रत्नागिरी जिले का तिवारे बांध केकड़ों के कारण टूटा है। उन्होंने दावा किया है कि बांध के आसपास काफी मात्रा में केकड़े आ गए थे। जिसके कराण लीकेज होने लगी। बता दें इस घटना में 19 लोगों की मौत हो गई है।
सावंत ने कहा, "पहले कोई लीकेज नहीं थी। लीकेज तब शुरू हुई जब बांध के आसापस बड़ी संख्या में केंकड़े आ गए। स्थानीय लोग इस मामले को हमारे संज्ञान में लाए और हमारे विभाग ने इसपर कार्रवाई की। ये घटना दुर्भाग्यपूर्ण थी।"
तीन जून को बांध के टूटने से यहां बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई थी। राष्ट्रीय आपदा अनुक्रिया बल (एनडीआरएफ) ने यहां से 19 शवों को बरामद किया है। यहां लगातार तीसरे दिन भी तलाश अभियान जारी है। एनडीआरएफ के इंस्पेक्टर महेश कुमार का कहना है, "आज सुबह एक और शव मिला है। कुल 19 शव बरामद किए गए हैं। हम लगातार तलाशी अभियान कर रहे हैं।"
राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने घटना में जानमाल के नुकसान पर दुख व्यक्त किया और मामले में जांच के आदेश दिए हैं। मामले की जांच विशेष जांच दल (एसआईटी) द्वारा की जाएगी। फडणवीस ने अपने जल संसाधन और सिंचाई मंत्री गिरीश महाजन से भी दौरा करने के लिए कहा है।
महाराष्ट्र में लगातार हो रही बारिश के चलते रत्नागिरी में तिवारे बांध टूट गया था। इससे बांध के नीचे बसे सात गांवों में बाढ़ आ गई। बांध के पास स्थित 12 घर भी बह गए थे। राहत एवं बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ को भेजा गया। इस घटना के कारण भेंडेवाड़ी क्षेत्र भी प्रभावित हुआ है, जो तिवारे ग्राम पंचायत के अंतर्गत आता है।