केंद्रीय खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे ने गुरुवार को केंद्र सरकार द्वारा देश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्धता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार देश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि भारत वैश्विक मंच पर उत्कृष्टता प्राप्त कर सके। खडसे ने फेडरेशन ऑफ इंडियन फैंटेसी स्पोर्ट्स (एफआईएफएस) और डेलॉइट के बीच संयुक्त प्रयास से तैयार की गई रिपोर्ट 'बियॉन्ड द फील्ड: इंडियाज स्पोर्ट्सटेक इवोल्यूशन' जारी किया। इसको लेकर उन्होंने कहा कि भारत सरकार एक जीवंत खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है, जो जमीनी स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक फैला हुआ है।
खेल के विकास में निजी क्षेत्र की सराहनीय- खडसे
खडसे ने भारत में खेलों के विकास में निजी क्षेत्र की भूमिका की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) और रणनीतिक सहयोग के माध्यम से, बड़ी कंपनियों ने खेलों के विभिन्न पहलुओं के विकास में योगदान दिया है।
साथ ही मंत्री ने यह भी कहा कि खेल-तकनीक क्षेत्र में नवाचार और विकास को बढ़ावा देने के लिए निरंतर सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) की आवश्यकता है। उन्होंने बताया कि स्टार्टअप इंडिया और मेक इन इंडिया जैसी सरकारी पहलों ने भारतीय उद्यमियों को घरेलू खेल तकनीक बनाने के लिए प्रेरित किया है।