सोमवार को पार्टी के अध्यक्ष पद के लिए नामांकन दाखिल करने के बाद अब राहुल गांधी का कांग्रेस अध्यक्ष चुना जाना लगभग तय हो गया है, क्योंकि तय समय में किसी और नेता ने उनके सामने चुनाव लड़ने की इच्छा नहीं जताई। ऐसे में साफ है कि राहुल विधिवत रूप से देश की सबसे पुरानी पार्टी की कमान संभालेंगे।
राहुल कांग्रेस की नेहरू-गांधी परिवार की पांचवी पीढ़ी के छठे नेता हैं जो कि कांग्रेस के अध्यक्ष पद की कमान संभालने वाले हैं। इस मामले में मंगलवार को रिटर्निंग ऑफिसर एम. रामचंद्रन ने बताया कि 89 नॉमिनेशन पेपर मिले हैं। उन सभी में राहुल गांधी का नाम प्रस्तावित है। सभी पेपर को बारीकी से जांचा गया है और सभी वैध पाए गए हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष चुनाव के लिए अब वैध रूप से केवल एक ही उम्मीदवार हैं और वह राहुल गांधी हैं।
89 nomination papers all proposing names of #RahulGandhi have been received, have scrutinized each &found all valid. There is now only one validly nominated candidate that is Rahul Gandhi left in the fray for Congress president election: M Ramachandran, Returning officer
— ANI (@ANI) December 5, 2017
नामांकन से लेकर चुनाव तक राहुल गांधी के लिए सबकुछ बिना किसी बाधा के मिलना तय है लेकिन पार्टी में हमेशा ऐसी स्थिति नहीं रही। देश की 132 साल पुरानी पार्टी में कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव में तमाम ऐसे मौके आए जिसने देश की राजनीति की धारा और दिशा दोनों को प्रभावित किया।
गौरतलब है कि सोमवार (4 दिसंबर) को राहुल गांधी ने अध्यक्ष पद के लिए नामांकन कर चुके हैं। इस मौके पर उनके साथ पार्टी के तमाम सीनियर नेता कांग्रेस मुख्यालय पर मौजूद थे।